मुंबई: घरेलू शेयर बाजार में लगातार दूसरी हफ्ते गिरावट देखने को मिली है। आने वाले सप्ताह में बाजार की दिशा पर महंगाई के आंकड़ों और वैश्विक संकेतों का असर रह सकता है।
देश में खुदरा महंगाई के आंकड़े शुक्रवार को बाजार बंद होने के बाद जारी हुए थे। थोक महंगाई के आंकड़े सोमवार को जारी किए जाएंगे। इसके अलावा, विदेशी बाजारों और अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का प्रभाव भी घरेलू बाजार पर दिख सकता है।
पिछले सप्ताह बाजार की शुरुआत कमजोर रही। पहले तीन दिन गिरावट आई, जबकि आखिरी दो दिन बाजार में कुछ सुधार देखने को मिला। इसके बावजूद पूरे सप्ताह में बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 444.71 अंक यानी 0.52 प्रतिशत गिरकर 85,267.66 अंक पर बंद हुआ। एनएसई का निफ्टी-50 सूचकांक भी 139.50 अंक या 0.54 प्रतिशत टूटकर 26,046.95 अंक पर आ गया।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी कमजोरी रही। एनएसई का मिडकैप-50 सूचकांक 0.61 प्रतिशत और स्मॉलकैप-100 सूचकांक 0.67 प्रतिशत गिरकर बंद हुआ।
सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से 18 शेयरों में गिरावट और 12 शेयरों में तेजी रही। एशियन पेंट्स का शेयर सबसे ज्यादा 6.80 प्रतिशत गिरा। इसके अलावा बीईएल, हिंदुस्तान यूनीलिवर, बजाज फाइनेंस, ट्रेंट और पावर ग्रिड के शेयरों में भी अच्छी-खासी गिरावट दर्ज की गई।
आईसीआईसीआई बैंक, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स, भारती एयरटेल, इंफोसिस, आईटीसी और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर भी कमजोर रहे। भारतीय स्टेट बैंक, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, सनफार्मा, टीसीएस, बजाज फिनसर्व और एचडीएफसी बैंक के शेयर भी लाल निशान में बंद हुए।
वहीं दूसरी ओर टाटा स्टील का शेयर सबसे ज्यादा 2.87 प्रतिशत चढ़ा। इटरनल, टाइटन, मारुति सुजुकी, अल्ट्राटेक सीमेंट और कोटक महिंद्रा बैंक के शेयरों में भी तेजी रही। रिलायंस इंडस्ट्रीज, एलएंडटी, अडानी पोर्ट्स, टेक महिंद्रा, एनटीपीसी और एक्सिस बैंक के शेयर भी सप्ताह के दौरान बढ़त में रहे।
कुल मिलाकर, बाजार में उतार-चढ़ाव का दौर जारी है और आने वाले दिनों में महंगाई के आंकड़े और वैश्विक संकेत बाजार की दिशा तय कर सकते हैं।