GST Collection August 2026: देश की अर्थव्यवस्था और कारोबार से सरकार को मिलने वाले टैक्स की तस्वीर अगस्त में मजबूत रही। 1 सितंबर को जारी ताज़ा सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अगस्त 2026 में भारत का गुड्स एंड सर्विसेज़ टैक्स (GST) कलेक्शन 14.8 फीसदी बढ़कर ₹1,99,853 करोड़ हो गया।
इससे पहले जुलाई महीने में GST कलेक्शन ₹1,74,116 करोड़ था। रिफंड को एडजस्ट करने के बाद, नेट GST रेवेन्यू ₹1,68,057 करोड़ रहा, जिसमें सालाना 8.3% की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
आयात ने कर दिया कमाल
इस महीने के दौरान घरेलू लेन-देन से मिलने वाला GST रेवेन्यू 9.3% बढ़कर ₹1.37 लाख करोड़ हो गया, जबकि आयात (Import) से मिलने वाला रेवेन्यू 29% बढ़कर ₹62,604 करोड़ हो गया। सेंट्रल GST (CGST) कलेक्शन ₹38,413 करोड़ रहा, जबकि स्टेट GST (SGST) कलेक्शन ₹46,316 करोड़ रहा। इंटीग्रेटेड GST (IGST) कलेक्शन ₹1.15 लाख करोड़ से ज्यादा रहा।
रिफंड 68 फीसदी बढ़े
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अगस्त महीने में कुल कर वापसी यानी कि रिफंड का अमाउंट 68 फीसदी बढ़कर 31,795 करोड़ रुपये हो गया। वहीं एक्सपोर्ट से जुड़े रिफंड में 61.8% की बढ़ोतरी हुई। रिफंड को एडजस्ट करने के बाद नेट GST कलेक्शन 1.68 लाख करोड़ रुपये रहा।
यह पिछले साल के मुकाबले 8.3 फीसदी ज्यादा है। मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 में जुलाई महीने में दूसरी बार ऐसा हुआ था, जब मंथली GST कलेक्शन 2 लाख करोड़ रुपये के पार गया। अप्रैल 2026 में ग्रॉस GST कलेक्शन लगभग 2.43 लाख करोड़ रुपये रहा था, जो कि रिकॉर्ड हाई है।
देश की आर्थिक स्थिति मजबूत
KPMG इंडिया में पार्टनर और नेशनल हेड (इनडायरेक्ट टैक्स) अभिषेक जैन ने कहा कि GST कलेक्शन में 14.8 फीसदी की मजबूत बढ़ोतरी ने पहली तिमाही में दर्ज 7.8 फीसदी GDP वृद्धि को और मजबूती दी है। उनके मुताबिक, इन दोनों आंकड़ों से पता चलता है कि भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता के बीच भी भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूत बनी हुई है।
वित्त वर्ष 2026-27 के अप्रैल से अगस्त के बीच देश का GST कलेक्शन 11 फीसदी बढ़कर ₹10.42 लाख करोड़ पहुंच गया। इन आंकड़ों से साफ पता चल रहा है कि देश की घरेलू आर्थिक गतिविधियां और टैक्स कलेक्शन मजबूत स्थिति में है।