India Export Growth: भारत तैयार है! वैश्विक मंदी के साए में भी भारत का निर्यात चमका, दिसंबर के आए चौंकाने वाले आंकड़े

India Trade deficit December 2025: दिसंबर 2025 में निर्यात 1.87% बढ़कर 38.5 अरब डॉलर हुआ, जबकि आयात 8.7% बढ़कर 63.55 अरब डॉलर रहा। वहीं व्यापार घाटा 25 अरब डॉलर के पार गया है…

Anuj Shrivastava( विद इनपुट्स फ्रॉम भाषा)
अपडेटेड16 Jan 2026, 09:15 AM IST
वैश्विक मंदी के साए में भी भारत का निर्यात चमका
वैश्विक मंदी के साए में भी भारत का निर्यात चमका

India Export Growth December 2025: वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच देश का निर्यात दिसंबर महीने में 1.87 प्रतिशत बढ़कर 38.5 अरब डॉलर हो गया लेकिन आयात में तेज वृद्धि के कारण व्यापार घाटा मामूली रूप से बढ़कर 25 अरब डॉलर हो गया। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, दिसंबर महीने में देश का आयात 8.7 प्रतिशत बढ़कर 63.55 अरब डॉलर रहा।

इसके साथ ही आयात और निर्यात का अंतर यानी व्यापार घाटा मामूली रूप से बढ़कर 25.04 अरब डॉलर हो गया। यह नवंबर 2025 में 24.53 अरब डॉलर जबकि दिसंबर 2024 में 22 अरब डॉलर था। इसके साथ ही चालू वित्त वर्ष की अप्रैल-दिसंबर अवधि में देश का कुल वस्तु निर्यात 2.44 प्रतिशत बढ़कर 330.29 अरब डॉलर हो गया।

मुख्य निर्यात क्षेत्रों की धीमी रफ्तार

मुख्य निर्यात क्षेत्रों में शामिल पेट्रोलियम उत्पाद, आभूषण, चावल, प्लास्टिक और चमड़ा की वृद्धि की रफ्तार धीमी रही। अमेरिका द्वारा अगस्त से लगाए गए 50 प्रतिशत शुल्क ने खासकर परिधान जैसे श्रम-बहुल क्षेत्रों के निर्यात पर असर डाला।इस दौरान कुल आयात 5.9 प्रतिशत बढ़कर 578.61 अरब डॉलर हो गया। इस तरह वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों में कुल व्यापार घाटा 248.32 अरब डॉलर दर्ज किया गया।

यह भी पढ़ें | पोर्टफोलियो में ज्यादा फंड हैं तो कैसे निकलें बाहर? यहां जानिए पूरी डिटेल

व्यापार आंकड़ों पर वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने संवाददाताओं से कहा कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारत का निर्यात सकारात्मक रुझान दिखा रहा है।उन्होंने कहा कि मौजूदा रुझानों को देखते हुए हमें उम्मीद है कि चालू वित्त वर्ष में कुल निर्यात (वस्तु और सेवाएं) 850 अरब डॉलर का आंकड़ा पार कर सकता है।

एफटीए और नए बाजारों से निर्यातकों को मदद

पिछले महीने निर्यात में तेजी की अगुवाई इंजीनियरिंग उत्पाद, इलेक्ट्रॉनिक्स, समुद्री उत्पाद और दवा जैसे क्षेत्रों ने की।इसके साथ अमेरिका, चीन और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) को भारत का निर्यात स्थिर गति से बढ़ रहा है।अग्रवाल ने कहा कि कई देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) को अंतिम रूप दिए जाने, निर्यात संवर्धन अभियान और नए बाजारों में विविधीकरण से निर्यातकों को मदद मिल रही है।दिसंबर में चीन, रूस और पश्चिम एशिया को होने वाले निर्यात में स्वस्थ वृद्धि दर्ज की गई।आयात के मोर्चे पर तेल आयात में छह प्रतिशत की बढ़ोतरी रही जबकि चांदी के आयात में लगभग 80 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। इस दौरान सोने का आयात 12 प्रतिशत घटकर 4.13 अरब डॉलर रह गया।

यह भी पढ़ें | लोन चाहिए? SBI से कम ब्याज पर ये बैंक दे रहा लोन, यहां देखिए सारे बैंकों की List

परिधान निर्यात संवर्धन परिषद (एईपीसी) के चेयरमैन ए. शक्तिवेल ने कहा कि रेडीमेड कपड़ा क्षेत्र में निर्यात का 2.89 प्रतिशत की दर से बढ़ना यह दर्शाता है कि उद्योग वैश्विक चुनौतियों के बावजूद जुझारू और अनुकूलनशील बना हुआ है।निर्यातकों के शीर्ष निकाय फियो के अध्यक्ष एस सी रल्हन ने इन आंकड़ों पर कहा कि निर्यात में लगातार बढ़ोतरी भारतीय निर्यातकों की मजबूती और वैश्विक प्रतिस्पर्धा की क्षमता को उजागर करती है।उन्होंने कहा कि भारतीय निर्यातक वैश्विक चुनौतियों के बावजूद अवसरों का लाभ उठा रहे हैं और नीतिगत समर्थन से उनकी प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता भी बढ़ रही है।

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

बिजनेस न्यूज़बिजनेसIndia Export Growth: भारत तैयार है! वैश्विक मंदी के साए में भी भारत का निर्यात चमका, दिसंबर के आए चौंकाने वाले आंकड़े
More
बिजनेस न्यूज़बिजनेसIndia Export Growth: भारत तैयार है! वैश्विक मंदी के साए में भी भारत का निर्यात चमका, दिसंबर के आए चौंकाने वाले आंकड़े