शेयर बाजार में बुधवार को एनर्जी सेक्टर के शेयरों में जोरदार तेजी देखने को मिली रही है। दरअसल, मुकेश अंबानी के स्वामित्व वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) और सरकार के स्वामित्व वाली तेल कंपनी ONGC ने एक साझेदारी की है। इस डील के बाद निवेशकों का उत्साह देखने को मिल रहा है। इस डील के तहत दोनों दिग्गज कंपनियां गहरे समंदर में कच्चे तेल और गैस की खोज करेंगी। इस खबर के बाद आज बाजार में ONGC के शेयर 8% तक की लंबी छलांग लगाई, जबकि रिलायंस के शेयरों में भी तेजी का रुख रहा।
बेसिन और अंडमान के समुद्री क्षेत्रों में होगी खोज
रिलायंस और ONGC की इस साझेदारी के तहत भारत के पूर्वी तट यानी कृष्णा गोदावरी (KG) बेसिन और अंडमान के समुद्री क्षेत्रों में खोज की जाएगी। दोनों कंपनियां एक-दूसरे के इंफ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल करेंगी। इसमें समुद्री तट पर स्थित प्रोसेसिंग सुविधाएं, बड़ी ड्रिलिंग रिग्स, समुद्री जहाज और कि पाइपलाइन नेटवर्क भी शामिल होगा। इस पूरी डील के पीछे पेट्रोलियम मंत्रालय की दूरगामी सोच और हालिया 'ऑयलफील्ड्स संशोधन अधिनियम, 2025' की बड़ी भूमिका है। सरकार ने इस कानून के माध्यम से एक ऐसा ढांचा तैयार किया है, जहां अलग-अलग ऑपरेटर एक-दूसरे की सुविधाओं का उपयोग कर सकें।
ONGC ने कही ये बात
ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्पोरेशन (ONGC) का मानना है कि इस नीति की वजह से अब प्रोजेक्ट्स को पूरा करने में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा। गहरे पानी में होने वाली ड्रिलिंग में अक्सर रिग्स और लॉजिस्टिक्स की कमी एक बड़ी बाधा बनती है। लेकिन रिलायंस और ONGC अपनी विशेषज्ञता और संसाधनों को साझा करेंगे, तो यह समस्या काफी हद तक हल हो जाएगी। सुरक्षा के लिहाज से भी यह एग्रीमेंट अहम है। आपातकालीन स्थिति में दोनों कंपनियों की ट्रेनिंग और रेस्क्यू टीमें मिलकर काम कर सकेंगी।