Suzlon Energy Target Price: इन्वेस्टर्स फेवरेज कहे जानें वाले पावर स्टॉक सुजलॉन एनर्जी के शेयर एक बार फिर चर्चा में हैं। इस स्टॉक पर घरेलू ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल ने अपनी कवरेज शुरू करते हुए खरीदने की सलाह दी है। ब्रोकरेज ने कंपनी के मैनेजमेंट मीटिंग के बाद इस पर कवरेज शुरू की है। सुजलॉन एनर्जी के शेयर पिछले कुछ समय से दबाव झेल रहे हैं, लेकिन अब इनमें 43 प्रतिशत तक के उछाल का भरोसा जताया गया है। इसी के साथ ब्रोकरेज फर्म ने नया टार्गेट दिया है।
सुजलॉन एनर्जी शेयर टार्गेट
सोमवार को सुजलॉन एनर्जी के शेयर 52.01 रुपये के लेवल पर कामकाज के लिए खुले, जबकि शुक्रवार को 51.74 रुपये के स्तर पर बंद हुए थे। यानी ब्रोकरेज रिपोर्ट आने के बाद बायर्स स्टॉक पर एक्टिव हो गए हैं। मोतीलाल ओसवाल ने इसके लिए 74 रुपये का टार्गेट प्राइस सेट किया है, जो लगभग 43 प्रतिशत के उछाल को दिखाता है। यह टार्गेट शुक्रवार को बंद भाव के आधार पर दिया गया है।
हालिया महीनों में स्टॉक पर दबाव
सुजलॉन एनर्जी के शेयरों पर हाल के महीनों में दबाव देखा गया। इसके पीछे की कई वजहें हैं। इसमें वित्त वर्ष 2026 में अब तक नए ऑर्डर कम मिलने के साथ-साथ इंस्टालेशनंस की धीमी गति, जो हालिया तिमाही में डिलीवरियों में देरी हुई। इसकी वजह से स्टॉक अगस्त के हाई से 29 प्रतिशत नीचे आ गया।
मैनेजमेंट ने कही ये बातें
सुजलॉन एनर्जी ने 4 और 5 दिसंबर को एक मैन्युफैक्चरिंग डे आयोजित किया। इस दौरान मैनेजमेंट सेंट्रल रिन्युएबल एनर्जी में मंदी से शॉर्ट टर्म ऑर्डर फ्लो पर सीमित प्रभाव को हाईलाइट किया। कंपनी ने आगे कहा कि लगभग 15 गीगावॉट के विंड ऑर्डर अभी बिडिंग या अवार्डिंग स्टेज में हैं। मैनेजमेंट को भरोसा है कि भारत वित्त साल 2028 तक सालाना 10 गीगावॉट विंद इंस्टालेशनंस तक पहुंच सकता है। AI/डेटा सेंटरों की बढ़ती डिमांड और बढ़ता C&I लोड, 2030 तक भारत के 100 गीगावाट विंड टार्गेट की ओर एक संभावित बढ़ोतरी को दिखाता है।
कंपनी तीन नए स्मार्टेबल फैक्टरी के जरिए विस्तार की योजना बना रही है। इनमें से 2 गुजरात और एक कर्नाटक है। टर्नअराउंड समय में सुधार, कस्टमर और साइट की निकटता में सुधार और लॉजिस्टिक्स और ट्रांसपोर्टेशन एफिशिएंसी में विस्तार करेगी।
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल केवल जानकारी के लिए है। ऊपर दिए गए विचार और सिफारिशें, व्यक्तिगत विश्लेषकों या ब्रोकिंग कंपनियों के हैं, न कि मिंट के। हम निवेशकों को सलाह देते हैं कि वे कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले प्रमाणित विशेषज्ञों से जांच करें।