Income Tax Deadlines 31st March 2026: 31 मार्च 2026 वित्त वर्ष (Financial Year) 2025-26 का आखिरी दिन है। इनकम टैक्स और जीएसटी के नियमों के मुताबिक, इस तारीख तक कुछ जरूरी काम निपटाना अनिवार्य है। अगर आप ये डेडलाइन चूक जाते हैं, तो बाद में आपको ब्याज और जुर्माने दोनों का सामना करना पड़ सकता है। इस बार भी स्थिति कुछ ऐसी ही है। इसलिए बेहतर है कि आखिरी समय का इंतजार करने की बजाय अभी से अपनी टैक्स चेकलिस्ट तैयार कर लें।
1. टैक्स सेविंग इन्वेस्टमेंट (80C/80D)
अगर आप पुरानी टैक्स व्यवस्था का विकल्प चुन रहे हैं, तो 1.5 लाख रुपये तक की छूट पाने के लिए सेक्शन 80C (PPF, ELSS, LIC) और सेक्शन 80D (हेल्थ इंश्योरेंस) में निवेश करने का यह आखिरी मौका है। 31 मार्च के बाद किए गए निवेश पर इस साल टैक्स छूट नहीं मिलेगी।
2. Updated ITR-U (AY 2021-22)
असेसमेंट ईयर 2021-22 (वित्त वर्ष 2020-21) के लिए 'अपडेटेड रिटर्न' भरने की अंतिम तिथि 31 मार्च 2026 है। इसके बाद आप इस साल का कोई भी संशोधित या पुराना रिटर्न फाइल नहीं कर पाएंगे। अगर कोई आय दिखाने से रह गई है, तो इसे अभी भर दें।
3. GST कंपोजिशन स्कीम (CMP-02)
जो छोटे व्यापारी अगले वित्त वर्ष (2026-27) के लिए जीएसटी कंपोजिशन स्कीम का हिस्सा बनना चाहते हैं, उन्हें पोर्टल पर CMP-02 फॉर्म भरना होगा। इसकी अंतिम तिथि 31 मार्च है। देरी होने पर आप पूरे साल के लिए इस स्कीम का लाभ नहीं ले पाएंगे।
4. एक्सपोर्टर्स के लिए LUT फाइलिंग
बिना आईजीएसटी (IGST) चुकाए माल या सेवाओं का निर्यात (एक्सपोर्ट) करने के लिए हर साल नया लेटर ऑफ अंडरटेकिंग (LUT) फाइल करना होता है। नए वित्त वर्ष के लिए अपना LUT 31 मार्च तक रिन्यू जरूर करवा लें, वरना एक्सपोर्ट पर टैक्स का बोझ बढ़ सकता है।
5. एडवांस टैक्स और ब्याज का भुगतान
यदि आपकी कुल टैक्स देनदारी ₹10,000 से अधिक है, तो सुनिश्चित करें कि आपने अपना एडवांस टैक्स जमा कर दिया है। 31 मार्च तक भुगतान न करने पर बकाया राशि पर आपको 1% प्रतिमाह की दर से ब्याज देना होगा, जो सेक्शन 234B और 234C के तहत लगता है।
बैंक बंद लेकिन काम नहीं रुकेगा
ध्यान देने वाली बात यह है कि भले ही इस दौरान कुछ दिनों तक बैंक छुट्टी पर रहें, लेकिन ऑनलाइन सुविधाएं चालू रहती हैं। आप इंटरनेट बैंकिंग, UPI या दूसरे डिजिटल माध्यमों से टैक्स का भुगतान कर सकते हैं। हालांकि, आखिरी समय में तकनीकी दिक्कतों से बचने के लिए बेहतर है कि काम पहले ही निपटा लें।
31 मार्च सिर्फ एक तारीख नहीं, बल्कि आपकी फाइनेंशियल प्लानिंग का सबसे अहम दिन है। अगर आपने समय रहते जरूरी काम पूरे कर लिए, तो आप न सिर्फ टैक्स बचा सकते हैं बल्कि अनावश्यक ब्याज और जुर्माने से भी बच सकते हैं।