CGTMSE Scheme: भारत में छोटे और मध्यम उद्योगों (MSME) को देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ माना जाता है। लेकिन कई बार शानदार बिजनेस आइडिया होने के बावजूद, सिर्फ फंड की कमी की वजह से कई स्टार्टअप और छोटे बिजनेस दम तोड़ देते हैं। अगर आप भी अपने बिजनेस को विस्तार देना चाहते हैं या नया काम शुरू करने की सोच रहे हैं और पूंजी की कमी आड़े आ रही है, तो भारत सरकार की कई ऐसी योजनाएं हैं जो आपकी राह आसान बना सकती हैं। इन्हीं योजनाओं में एक क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट फॉर माइक्रो एंड स्मॉल एंटरप्राइजेज (CGTMSE) योजना है। इसके तहत उद्यमियों को बिना गारंटी के बिजनेस लोन मुहैया कराया जाता है।
यह योजना मिनिस्ट्री ऑफ माइक्रो, स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइज (Ministry of Micro, Small and Medium Enterprises) और स्मॉल इंडस्ट्रीज डेवलपमेंट बैंक ऑफ इंडिया Small Industries Development Bank of India द्वारा संयुक्त रूप से संचालित की जाती है और इसका उद्देश्य छोटे व्यवसायों को आसानी लोन उपलब्ध कराना है। दरअसल, बैंक से बड़ा लोन लेने के लिए आपको कोई संपत्ति या सोना गिरवी रखना पड़ता है, जिसे ‘कोलैटरल’ कहते हैं। लेकिन सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट (CGTMSE) एक गेम-चेंजर है।
जानिए क्या है CGTMSE योजना
इस स्कीम में भारत सरकार और सिडबी (SIDBI) मिलकर काम करते हैं। अगर कोई छोटा कारोबारी लोन चुकाने में असमर्थ रहता है, तो उसकी गारंटी यह ट्रस्ट लेता है। इससे बैंकों का रिस्क कम हो जाता है और वे छोटे कारोबारियों को लोन देने में हिचकिचाते नहीं हैं। हालिया आंकड़ों के मुताबिक, सरकार ने इस फंड में अतिरिक्त पूंजी डालकर लोन की लागत को भी 1% तक कम करने का प्रयास किया है, जिससे छोटे उद्यमियों पर ब्याज का बोझ कम हो सके। इससे नए और छोटे उद्यमियों को बैंकिंग सिस्टम से जोड़ने में मदद मिलती है।
किन क्षेत्रों को मिलता है लाभ
यह योजना मुख्य रूप से मैन्युफैक्चरिंग (निर्माण) और सर्विस सेक्टर के छोटे व्यवसायों के लिए है।
- नए स्टार्टअप
- छोटे उद्योग
- सेवा आधारित व्यवसाय (जैसे IT, मरम्मत, प्रोफेशनल सेवाएं)
हालांकि, सीधे कृषि (फार्मिंग) गतिविधियां इस योजना के तहत आमतौर पर कवर नहीं होती हैं, लेकिन एग्री-एलाइड गतिविधियों को कुछ मामलों में शामिल किया जा सकता है।
लोन कैसे मिलता है?
- CGTMSE सीधे उद्यमियों को लोन नहीं देता, बल्कि बैंक के जरिए गारंटी प्रदान करता है।
- उद्यमी बैंक या NBFC में लोन के लिए अप्लाई कर सकते हैं।
- बैंक प्रोजेक्ट और क्रेडिट प्रोफाइल का मूल्यांकन करता है।
- मंजूरी मिलने पर बैंक CGTMSE के तहत गारंटी कवर लेता है।
- इसके बाद लोन जारी किया जाता है।
- इस प्रक्रिया में उधारकर्ता को अलग से CGTMSE में आवेदन करने की जरूरत नहीं होती।
इन डॉक्यूमेंट्स की होगी जरूरत
लोन लेने के लिए आमतौर पर निम्न दस्तावेज जरूरी होते हैं: