
Tamil Nadu DA Hike: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने राज्य कर्मचारियों, शिक्षकों और पेंशनधारकों के लिए 3% डीए बढ़ाने की घोषणा की है। यह संशोधन 1 जुलाई 2025 से लागू होगा। इसके बाद डीए 55% से बढ़कर 58% हो जाएगा।
इस फैसले से करीब 16 लाख कर्मचारी और पेंशनधारक लाभान्वित होंगे। हालांकि, इससे राज्य सरकार पर लगभग 1,829 करोड़ रुपये का सालाना बोझ पड़ेगा। स्टालिन ने कहा कि सरकारी कर्मचारी और शिक्षक जमीनी स्तर पर योजनाओं को लागू करने में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए सरकार उनकी भलाई के लिए प्रतिबद्ध है, चाहे आर्थिक दबाव क्यों न हो।
तमिलनाडु में 2026 विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में यह फैसला राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है। DMK सरकार पर कर्मचारियों का दबाव बढ़ रहा था क्योंकि उसने चुनावी वादे में ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) बहाल करने की बात कही थी, जो अब तक पूरी नहीं हुई।
डीए वेतन का वह हिस्सा है जो कर्मचारियों को महंगाई से बचाने के लिए दिया जाता है। जब महंगाई बढ़ती है तो सरकार डीए में इजाफा करती है। केंद्र सरकार ने भी दिवाली से पहले अपने कर्मचारियों और पेंशनधारकों के लिए 3% डीए/डीआर बढ़ाने का ऐलान किया था, जिससे सालाना खर्च लगभग 10,083 करोड़ रुपये बढ़ेगा।
तमिलनाडु से पहले कई राज्यों ने भी दिवाली पर डीए बढ़ाने का ऐलान किया था। हिमाचल प्रदेश में सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कर्मचारियों और पेंशनधारकों का डीए 3% बढ़ाने का ऐलान किया था। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को के महंगाई भत्ते (डीए) में 3 फीसदी की बढ़ोतरी का ऐलान किया था।
झारखंड में हेमंत सोरेन सरकार ने डीए 55% से बढ़ाकर 58% कर दिया। उत्तराखंड में भी धामी सरकार ने कर्मचारियों का डीए 3% बढ़ाने की घोषणा की थी। मध्य प्रदेश में सीएम मोहन यादव की कैबिनेट ने डीए और डीआर में 2% बढ़ोतरी की थी।
बिहार में सीएम नीतीश कुमार ने राज्य कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में 3 फीसदी की बढ़ोतरी का ऐलान कर दिया था। राजस्थान में भी मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने महंगाई भत्ते में 3% की बढ़ोतरी का ऐलान किया था।
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