PPF Account Rules: पब्लिक प्रॉविडेंट फंड (PPF) को हमेशा से ही एक सेफ और टैक्स-फ्री निवेश विकल्प माना जाता रहा है। यह भारत सरकार की स्माल सेविंग स्कीम है। इसमें सरकारी गारंटी के साथ रिटर्न मिलता है। टैक्स छूट और सरकारी गारंटी के कारण हर कोई इसमें निवेश करना चाहता है। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल आता है कि क्या एक व्यक्ति एक से ज्यादा PPF अकाउंट खोल सकता है या नहीं?
दरअसल, पब्लिक प्रोविडेंट फंड यानी PPF स्कीम में कोई भी व्यक्ति निवेश शुरू कर सकता है। इस स्कीम में आपको सालाना निवेश करना होता है। वहीं PPF स्कीम का मैच्योरिटी पीरियड 15 साल का होता है। इसके अलावा आप अपने निवेश को 2 बार 5-5 साल के लिए आगे भी बढ़वा सकते हैं। कहने का मतलब ये हुआ कि इस स्कीम में 25 सालों तक निवेश कर सकते हैं। ब्याज दर की बात करें तो इसमें 7.1 फीसदी की ब्याज दर से रिटर्न मिलता है।
क्या PPF में एक से ज्यादा खोल सकते हैं अकाउंट
सबसे पहले आपको बता दें कि कोई भी व्यक्ति अपना एक से ज्यादा PPF अकाउंट नहीं खोल सकता है। सरकारी नियम (Public Provident Fund Act, 1968) के अनुसार, एक व्यक्ति के नाम से सिर्फ एक PPF अकाउंट ही खोला जा सकता है। चाहे आप अलग-अलग बैंकों में जाएं या पोस्ट ऑफिस में, एक नाम पर दो अकाउंट नहीं बन सकते हैं। अगर गलती से दो अकाउंट खुल गए तो क्या होगा? दूसरा अकाउंट अनियमित माना जाएगा और उस पर कोई ब्याज नहीं मिलेगा।
उदाहरण के लिए, अगर आपने SBI में PPF अकाउंट खोला है, तो आप अपने नाम पर PNB या पोस्ट ऑफिस में भी दूसरा अकाउंट नहीं खोल सकते। इसी तरह, अगर आपका पहले से पोस्ट ऑफिस में PPF अकाउंट है, तो आप बैंक में PPF अकाउंट नहीं खोल सकते।
दूसरा PPF अकाउंट खोलने पर क्या होगा?
अगर आपका दूसका अकाउंट खुल गया है तो इसे मान्य नहीं माना जाता है। ऐसे में आप मिनिस्ट्री ऑफ फाइनेंस (DEA) से अनुमति लेकर दोनों अकाउंट मर्ज कर सकते हैं। इसके लिए अकाउंट डिटेल्स के साथ अप्लाई करना होगा। अगर मर्ज नहीं करते, तो दूसरे अकाउंट को बंद करना होगा। इसमें सिर्फ मूल राशि (प्रिंसिपल) लौटेगी, ब्याज नहीं मिलेगा।
बच्चों के नाम खोल सकते हैं PPF अकाउंट
बच्चों के माता-पिता अपने नाबालिग बच्चे (18 साल से कम) के नाम पर अलग PPF अकाउंट खोल सकते हैं। लेकिन आपके अपने अकाउंट और बच्चे के अकाउंट में कुल मिलाकर एक फिस्कल ईयर में 1.5 लाख रुपये से ज्यादा निवेश नहीं कर सकते हैं। इसे कुछ ऐसे समझें, अगर आपने अपने अकाउंट में 1 लाख रुपये जमा किया है तो बच्चे के अकाउंट पर सिर्फ 50,000 रुपये ही डाल सकते हैं।
PPF में टैक्स का फायदा
PPF वैसे ट्रिपल-ई (Exempt-Exempt-Exempt) कैटेगरी में आता है। इसका मतलब है कि इसमें तीन स्तरों पर टैक्स छूट मिलती है। पहला - हर साल ₹1.5 लाख तक के निवेश पर आपको धारा 80C के तहत टैक्स छूट मिलेगी। दूसरा - निवेश पर मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्स-फ्री होगा और तीसरा - 15 साल की मैच्योरिटी पर मिलने वाली पूरी रकम पर भी कोई टैक्स नहीं देना होता है। यही वजह है कि PPF, FD जैसे ऑप्शन की तुलना में ज्यादा फायदेमंद माना जाता है।
समय से पहले निकासी से बचें
PPF एक लॉन्ग टर्म और सेफ इन्वेस्टमेंट स्कीम है जिसकी मैच्योरिटी की टाइमिंग 15 साल होती है। हालांकि, जरूरी स्थितियों में आप 5 साल बाद आंशिक निकासी कर सकते हैं, लेकिन ऐसा करने से आपके निवेश पर मिलने वाला कंपाउंड ब्याज प्रभावित हो सकता है।