Income Tax News: नए ITR फॉर्म में कैपिटल गेन रिपोर्टिंग के नियम बदले, टैक्सपेयर्स को मिली बड़ी राहत

Income Tax Return Rules: सरकार ने इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइलिंग को आसान बनाने के लिए कई बदलाव किए हैं। इसी क्रम में असेसमेंट ईयर  2026-27 से कैपिटल गेन से जुड़े नियम भी बदल गए हैं। आइए विस्तार से जानते हैं। 

Shivam Shukla
अपडेटेड9 Apr 2026, 01:39 PM IST
Income Tax News: नए ITR फॉर्म में कैपिटल गेन रिपोर्टिंग के नियम बदले
Income Tax News: नए ITR फॉर्म में कैपिटल गेन रिपोर्टिंग के नियम बदले

Income Tax Return Rules: सरकार ने इनकम टैक्स भरने वाले करोड़ों करदाताओं को बड़ी राहत दी है। अगर आप भी शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड या प्रॉपर्टी की खरीद-बेच से होने वाली कमाई पर टैक्स देते हैं, तो आपको अब सहूलियत मिलने वाली है। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने असेसमेंट ईयर (AY 2026-27) के लिए नए ITR फॉर्म नॉटिफाई कर दिए हैं। इस बार विभाग ने शेड्यूल कैपिटल गेन्स में एक बड़ा फेरबदल किया है, जिससे टैक्स फाइलिंग की प्रक्रिया पहले के मुकाबले काफी सरल हो जाएगी। पिछले साल जो जटिल रिपोर्टिंग सिस्टम टैक्सपेयर्स के लिए सिरदर्द बना था, उसे अब पूरी तरह हटा दिया गया है।

क्या हुआ बदलाव?

पिछले वित्त वर्ष या 2024-25 तक नियम यह था कि अगर आपने 23 जुलाई 2024 से पहले कोई संपत्ति बेची है, तो उसकी गणना अलग होगी और उस तारीख के बाद की बिक्री पर अलग नियम लागू होंगे। लेकिन असेसमेंट ईयर 2026-27 के लिए जारी किए गए ITR-2, 3, 5, 6 और 7 फॉर्म में अब इस ट्रांसफर डेट के आधार पर रिपोर्टिंग करने की जरूरत को खत्म कर दिया गया है। आसान भाषा में कहें, तो अब आपको अपनी संपत्ति की बिक्री को दो अलग-अलग हिस्सों में बांटकर दिखाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पूरे साल के लिए अब एक समान टैक्स सिस्टम लागू कर दिया गया है।

यह भी पढ़ें | आज सोने चांदी का रेट 9 अप्रैल 2026: धड़ाम हुए सोने-चांदी के दाम

पिछले साल तक क्या था नियम?

दरअसल, फाइनेंस (नंबर 2) एक्ट 2024 के माध्यम से सरकार ने कैपिटल गेन्स टैक्स के नियमों में बड़े बदलाव किए थे। ये बदलाव 23 जुलाई 2024 से प्रभावी हुए थे। टैक्सपेयर्स को जुलाई से पहले और जुलाई के बाद के मुनाफे का अलग-अलग हिसाब देना पड़ता था। इस समय लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स (LTCG) की दर 20% से घटाकर 12.5% की गई थी, लेकिन साथ ही इंडेक्सेशन का फायदा भी वापस ले लिया गया था। वहीं, इक्विटी पर शॉर्ट टर्म कैपिटल गेन्स (STCG) को 15% से बढ़ाकर 20% कर दिया गया था। दरों में आए इस बदलाव के कारण पिछले साल ITR फॉर्म काफी जटिल हो गया था।

यह भी पढ़ें | Share Market Down: बाजार खुलते ही निवेशकों को झटका, सेंसेक्स 600 अंक लुढ़का

इन प्रॉपर्टीज पर लागू होंगे नए नियम

बता दें कि नए ITR फॉर्म के तहत शेड्यूल कैपिटल गेन्स में आपको अब भी विस्तृत जानकारी देनी होगी, लेकिन तारीख की कोई पाबंदी नहीं होगी। इसमें मुख्य रूप से जमीन और मकान/फ्लैट की बिक्री से हुआ फायदा शामिल है। इसके अलावा, शेयर बाजार में लिस्टेड इक्विटी शेयर्स, इक्विटी ओरिएंटेड म्यूचुअल फंड्स और बिजनेस ट्रस्ट की यूनिट्स की फॉर्मेटिंग को आसान कर दिया गया है। इन पर सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) का भुगतान किया जाताा है।

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

होममनीIncome Tax News: नए ITR फॉर्म में कैपिटल गेन रिपोर्टिंग के नियम बदले, टैक्सपेयर्स को मिली बड़ी राहत
More