International Mutual Funds: काफी पॉपुलर हैं ये म्यूचुअल फंड्स, इनमें पैसा लगाना मतलब विदेशी मार्केट से भी मुनाफा कमाना

International Mutual Funds: ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स भारतीय निवेशकों को विदेशी मार्केट्स में कमाई का मौका देते हैं। करेंसी और वोलैटिलिटी का रिस्क है, लेकिन लॉन्ग-टर्म में ये अच्छे विकल्प हैं।

Priya Shandilya
पब्लिश्ड28 Jan 2026, 03:26 PM IST
विदेशी बाजारों से कमाई का मौका, देखें पॉपुलर ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स और कैसे चुनें सही फंड? (सांकेतिक तस्वीर)
विदेशी बाजारों से कमाई का मौका, देखें पॉपुलर ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स और कैसे चुनें सही फंड? (सांकेतिक तस्वीर)

International Mutual Funds: आजकल भारतीय निवेशक सिर्फ घरेलू मार्केट तक सीमित नहीं रहना चाहते। टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर और कंज्यूमर सेक्टर जैसे ग्लोबल इंडस्ट्रीज में भी पैसा लगाना चाहते हैं। यही वजह है कि ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स तेजी से पॉपुलर हो रहे हैं। इन फंड्स में निवेश करने का मतलब है कि आप विदेशी कंपनियों की ग्रोथ से भी फायदा उठा सकते हैं और अपने पोर्टफोलियो को ज्यादा डाइवर्स बना सकते हैं।

ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स में निवेश क्यों करें

ग्लोबल फंड्स भारतीय निवेशकों को उन सेक्टर्स और कंपनियों तक पहुंच देते हैं, जो घरेलू बाजार में मौजूद नहीं हैं। मल्टीनेशनल कंपनियों की ग्रोथ में हिस्सेदारी और रुपये के मुकाबले डॉलर मजबूत होने पर करेंसी बेनिफिट भी मिल सकता है। सही फंड चुनकर लॉन्ग टर्म में वेल्थ क्रिएशन का मजबूत रास्ता बन सकता है।

ये 5 ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स हैं काफी पॉपुलर

बीते कुछ सालों में कुछ इंटरनेशनल फंड्स ने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है और निवेशकों का भरोसा जीता है। 5पैसा की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ये हैं वो पांच ग्लोबल म्यूचुअल फंड्स जिनकी सबसे ज्यादा चर्चा रही है।

Mirae Asset NYSE FANG+ ETF Fund of Fund

Edelweiss U.S. Technology Equity Fund of Fund

Kotak U.S. Specific Equity Passive Fund of Fund

Invesco NASDAQ 100 ETF Fund of Fund

Aditya Birla Sun Life U.S. Equity Passive Fund of Fund

Mirae Asset NYSE FANG+ ETF FoF में क्यों लोग कर रहे हैं निवेश?

यह फंड NYSE FANG+ इंडेक्स को फॉलो करता है, जिसमें Meta, Amazon, Netflix, Google, Apple और Tesla जैसी दिग्गज टेक कंपनियां शामिल हैं। AI, क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जैसे ट्रेंड्स पर फोकस होने के कारण इसमें ग्रोथ की संभावना ज्यादा है, लेकिन रिस्क भी उतना ही ऊंचा है। अक्टूबर 2025 तक करीब 2,347 करोड़ के एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) के साथ इस फंड ने शुरुआत से 34.34% CAGR और 2025 में करीब 29.90% रिटर्न दिया है। हाई ग्रोथ सेक्टर में होने की वजह से रिस्क ज्यादा है, लेकिन लॉन्ग-टर्म निवेशकों के लिए यह दमदार विकल्प है।

Edelweiss U.S. Technology Equity FoF की खासियत

यह फंड JP Morgan U.S. Technology Fund में निवेश करता है। इसमें सॉफ्टवेयर, सेमीकंडक्टर और इंटरनेट सर्विसेज जैसी बड़ी कंपनियां शामिल हैं। हालांकि, टेक शेयर हाई-बीटा होने के कारण उतार-चढ़ाव ज्यादा दिख सकता है। 3,597 करोड़ के AUM के साथ इस फंड ने अब तक करीब 25.25% CAGR और 2025 में 30% से ज्यादा रिटर्न दिया है। यह लॉन्ग-टर्म में अच्छा रिटर्न देता है, लेकिन टेक सेक्टर की वोलैटिलिटी से जुड़ा रिस्क भी रहता है।

Kotak U.S. Specific Equity Passive FoF: स्थिर ग्रोथ की तलाश

यह फंड U.S. ब्लू-चिप कंपनियों को ट्रैक करता है। इंडेक्स-बेस्ड होने की वजह से इसमें पारदर्शिता और स्थिरता ज्यादा है। मिडियम रिस्क लेने वाले निवेशकों के लिए यह अच्छा विकल्प है। अक्टूबर 2025 तक इसका AUM 3,716 करोड़ रहा और इसने करीब 18.76% CAGR का रिटर्न दिया है। लॉन्ग टर्म में अमेरिकी इकोनॉमी की ग्रोथ में हिस्सेदारी चाहने वालों के लिए यह फंड पसंद किया जा रहा है।

Invesco NASDAQ 100 ETF FoF: इनोवेशन लीडर्स पर दांव

NASDAQ 100 इंडेक्स को फॉलो करने वाला यह फंड Apple, Microsoft, Amazon और Google जैसी कंपनियों में निवेश का मौका देता है। टेक्नोलॉजी, इनोवेशन और ग्रोथ स्टॉक्स में भरोसा रखने वालों के लिए यह फंड अच्छा ऑप्शन है। अक्टूबर 2025 तक 422 करोड़ के AUM के साथ इस फंड ने करीब 23.83% CAGR का प्रदर्शन किया है।

Aditya Birla Sun Life U.S. Equity Passive FoF: कम कीमत लेकिन ज्यादा एक्सपोजर

यह फंड U.S. लार्ज-कैप इंडेक्स को ट्रैक करता है और टेक, हेल्थकेयर, फाइनेंशियल्स जैसे कई सेक्टर्स में डाइवर्सिफिकेशन देता है। कम टर्नओवर और लो एक्सपेंस रेश्यो इसकी खासियत है। लोअर एक्सपेंस रेशियो और पासिव स्ट्रक्चर इसे स्थिर बनाते हैं। अब तक इसका एनुअलाइज्ड रिटर्न करीब 16.30% रहा है। करेंसी फ्लक्चुएशन का रिस्क जरूर है, लेकिन लॉन्ग-टर्म में यह बैलेंस्ड ऑप्शन है।

कैसे चुनें इंटरनेशनल म्यूचुअल फंड?

विदेशी बाजारों में निवेश करने से पहले कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बहुत जरूरी है, ताकि फैसला सोच-समझकर लिया जाए।

  • सबसे पहले फंड का पिछला रिकॉर्ड जरूर देखें। फंड ने लंबे समय में कैसा प्रदर्शन किया है, यह भरोसे के लिए जरूरी होता है।
  • फंड मैनेजर का अनुभव भी अहम है। जिस फंड को अनुभवी और प्रोफेशनल मैनेजर संभाल रहा हो, उसमें जोखिम संभालने की क्षमता बेहतर होती है।
  • यह देखें कि चुना गया फंड आपके मौजूदा पोर्टफोलियो से मेल खाता है या नहीं। मतलब, सिर्फ भीड़ देखकर निवेश न करें, बल्कि डाइवर्सिफिकेशन पर ध्यान दें।
  • फंड से जुड़े खर्चों और एक्सपेंस रेश्यो को ध्यान से पढ़ें। ज्यादा खर्च लंबे समय में रिटर्न को कम कर सकता है।
  • यह भी पक्का कर लें कि जिस देश में फंड निवेश कर रहा है, उसका भारत के साथ टैक्स ट्रीटी (Tax Treaty) हो, ताकि एक ही कमाई पर दो बार टैक्स न देना पड़े।

ध्यान रहे, इन फंड्स में मार्केट उतार-चढ़ाव, करेंसी रिस्क और वैश्विक घटनाओं का असर पड़ सकता है। इसलिए निवेश करने से पहले अपने गोल्स, रिस्क अपेटाइट और खर्चों को ध्यान में रखना जरूरी है। समय-समय पर पोर्टफोलियो की समीक्षा करना भी उतना ही अहम है।

डिस्क्लेमर: यह लेख केवल शैक्षिक उद्देश्यों के लिए है। ऊपर दिए गए विचार और सिफारिशें व्यक्तिगत विश्लेषकों या ब्रोकिंग कंपनियों के हैं, न कि मिंट के। हम निवेशकों को सलाह देते हैं कि वे कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले प्रमाणित विशेषज्ञों से जांच करें।

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

होममनीInternational Mutual Funds: काफी पॉपुलर हैं ये म्यूचुअल फंड्स, इनमें पैसा लगाना मतलब विदेशी मार्केट से भी मुनाफा कमाना
More