Ladki Bahin Yojana eKYC error: लाडकी बहिन योजना eKYC में बड़ी गलती, इस एक सवाल ने रोक दिया 24 लाख महिलाओं का पैसा

Ladki Bahin Yojana eKYC error: ‘लाडकी बहीण’ योजना में ई-केवाईसी फॉर्म के एक उलझे सवाल से 24 लाख महिलाओं को गलती से सरकारी कर्मचारी मान लिया गया और उनकी मासिक सहायता रुक गई। अब आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा भौतिक सत्यापन किया जा रहा है ताकि रिकॉर्ड सही हो और भुगतान दोबारा शुरू हो सके।

Priya Shandilya( विद इनपुट्स फ्रॉम भाषा)
अपडेटेड21 Jan 2026, 05:29 PM IST
‘लाडकी बहीण’ योजना में गलती से रुकी लाखों महिलाओं की किस्त
‘लाडकी बहीण’ योजना में गलती से रुकी लाखों महिलाओं की किस्त

Ladki Bahin Yojana eKYC error: महाराष्ट्र की लाडकी बहिन योजना लाखों महिलाओं के लिए हर महीने की आर्थिक सहारा बनी हुई है। लेकिन हाल ही में ई-केवाईसी प्रक्रिया के दौरान एक छोटी-सी तकनीकी चूक ने बड़ा असर डाल दिया। नतीजा ये हुआ कि 24 लाख से ज्यादा महिलाएं गलती से सरकारी कर्मचारी मान ली गईं और उनकी 1,500 रुपये की मासिक सहायता अचानक रुक गई। अब सरकार इस गड़बड़ी को सुधारने में जुट गई है।

क्या था सवाल जिसके कारण फंस गए पैसे?

विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ई-केवाईसी फॉर्म में एक सवाल ऐसा था, जिसने लाभार्थियों को उलझा दिया। सवाल मराठी में था- “तुमच्या घरातले कोणी सरकारी नोकरीत नाही ना?” यानी आपके घर में कोई सरकारी नौकरी में नहीं है, है न?

इस सवाल की वजह से कई महिलाओं ने ‘नहीं’ की जगह ‘हां’ पर टिक कर दिया। सिस्टम ने इसे ऐसे पढ़ा जैसे परिवार में कोई सरकारी कर्मचारी है, और भुगतान अपने आप रोक दिया गया।

24 लाख महिलाएं एक झटके में बाहर हो गईं

महाराष्ट्र वीमेन एंड चाइल्ड डेवलपमेंट डिपार्टमेंट (DCD) की जांच में सामने आया कि करीब 24 लाख लाभार्थियों ने गलती से ‘हां’ चुन लिया। जबकि पूरे राज्य में सरकारी और अर्धसरकारी कर्मचारियों की संख्या ही 8–9 लाख के आसपास है। तभी अधिकारियों को समझ आया कि मामला कुछ गड़बड़ है।

किस्त नहीं आई, सवाल उठने लगे

जैसे ही 1,500 रुपये की मासिक रकम खातों में आनी बंद हुई, राज्य के अलग-अलग हिस्सों से शिकायतें आने लगीं। महिलाओं ने पूछा कि ई-केवाईसी तो हो गई, फिर पैसा क्यों रुका? इन्हीं शिकायतों के बाद गलती का दायरा साफ हुआ।

महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अदिति तटकरे ने साफ किया कि रिकॉर्ड दुरुस्त करने के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ता भौतिक सत्यापन करेंगी। इसके लिए राज्य भर में करीब एक लाख आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को लगाया गया है, ताकि सही लाभार्थियों की किस्त फिर से शुरू हो सके।

वेरिफिकेशन के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ता

महिला एवं बाल कल्याण विभाग ने गलती स्वीकार की है। अब रिकॉर्ड सुधारने के लिए सरकार ने करीब 1 लाख आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को तैनात किया है, जो प्रभावित महिलाओं का भौतिक सत्यापन करेंगे। मंत्री अदिति तटकरे ने भी सोशल मीडिया पर भरोसा दिलाया कि सभी रिकॉर्ड दुरुस्त किए जाएंगे।

गलत लोगों तक पैसा जा रहा था, इसलिए सख्ती

इस ई-केवाईसी अभियान में करीब 2.30 करोड़ महिलाओं को शामिल किया गया था। मकसद था यह पक्का करना कि योजना का फायदा सही महिलाओं तक ही पहुंचे, क्योंकि शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ जगहों पर पुरुष या सरकारी कर्मचारी भी लाभ ले रहे हैं। ई-केवाईसी की डेडलाइन 31 दिसंबर 2025 रखी गई थी।

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

बिजनेस न्यूज़मनीLadki Bahin Yojana eKYC error: लाडकी बहिन योजना eKYC में बड़ी गलती, इस एक सवाल ने रोक दिया 24 लाख महिलाओं का पैसा
More
बिजनेस न्यूज़मनीLadki Bahin Yojana eKYC error: लाडकी बहिन योजना eKYC में बड़ी गलती, इस एक सवाल ने रोक दिया 24 लाख महिलाओं का पैसा