Ladki Bahin Yojana: राज्य चुनाव आयोग ने लाडकी बहिन स्कीम को बड़ा झटका दिया है। नगर निगम चुनावों के चलते राज्य में आचार संहिता लागू है। इस दौरान 'लड़की बहिन' स्कीम का रेगुलर या पेंडिंग फायदा दिया जा सकता है। लेकिन राज्य चुनाव आयोग ने जनवरी महीने का फायदा एडवांस में देने पर रोक लगा दी है। इसलिए संक्रांति के मौके पर दी जाने वाली एडवांस रकम अब लड़की बहिन बहनों को नहीं दी जाएगी। आयोग ने यह फैसला चुनावों के मद्देनजर लिया है। इसे सरकार और लाडकी बहिन स्कीम दोनों के लिए झटका माना जा रहा है।
NDTV मराठी में छपी खबर के मुताबिक, आयोग ने स्पष्ट किया है कि 'मुख्यमंत्री माझी लाड़की बहिन' योजना के तहत लाभार्थियों को जनवरी महीने का एडवांस भुगतान नहीं किया जा सकता है। दरअसल, ऐसी खबरें थी कि सरकार मकर संक्रांति के मौके पर 14 जनवरी से पहले महिलाओं के खातों में दिसंबर और जनवरी, दोनों महीनों की किस्त (कुल 3000 रुपये) एक साथ जमा करने वाली है। इस पर संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने मुख्य सचिव से स्पष्टीकरण मांगा था।
एडवांस पेमेंट पर लगी रोक
आयोग ने निर्देश दिया है कि योजना के पुराने और नियमित लाभ तो जारी रहेंगे, लेकिन आचार संहिता के दौरान किसी भी सूरत में 'एडवांस पेमेंट' नहीं दिया जाएगा। इस मामले में चुनाव आयोग को कई शिकायतें मिली थीं। 15 जनवरी को राज्य में महानगर पालिका के चुनाव होना है। इससे पहले सरकार 14 जनवरी को लाडकी बहिन योजना के तहत बहनों के खाते में दिसंबर और जनवरी महीने का एडवांस पेमेंट करने की तैयारी में थी। जिस पर चुनाव आयोग ने रोक लगा दी है। चुनाव आयोग का यह फैसला राज्य सरकार के लिए तगड़ा झटका माना जा रहा है।
नए लाभार्थियों के चयन पर रोक
रिपोर्ट के मुताबिक, मुख्य सचिव की रिपोर्ट के बाद चुनाव आयोग ने साफ किया कि 4 नवंबर 2025 से लागू आचार संहिता के नियमों के तहत केवल वही काम जारी रह सकते हैं जो चुनाव घोषणा के पहले लागू हुए थे। आयोग के आदेश के मुताबिक, सरकार न तो एडवांस पैसा बांट सकती है और न ही इस दौरान योजना के लिए नए लाभार्थियों का चयन कर सकती है। इस फैसले से सरकार की संक्रांति के दौरान महिलाओं को वोट बैंक के रूप आकर्षित करने की योजना पर पानी फिर गया है।
जानिए क्या है लाडकी बहिन योजना
लाडकी बहिन योजना राज्य सरकार की एक प्रमुख योजना है। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये की आर्थिक सहायता मुहैया कराई जाती है। इस योजना को 2024 के विधानसभा चुनावों में महायुति की जीत का श्रेय दिया जाता है। पिछले हफ्ते ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में बीजेपी नेता और राज्य के मंत्री गिरीज महाजन ने कहा था कि दिसंबर और जनवरी की किस्तों को मिलाकर 3000 रुपये की सहायता राशि मकर संक्रांति से पहले पात्र लाभार्थियों के बैंक खातों में जमा कर दी जाएगी। उन्होंने इसे मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस की ओर से विशेष उपहार करार दिया था।