NPS में बड़ा बदलाव, बैंकों को पेंशन फंड शुरू करने की मिली मंजूरी

NPS: पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) को बेहतर बनाने के लिए कई बड़े बदलाव किए हैं। अब सब्सक्राइबर्स को निवेश के कई ऑप्शन मिलेंगे। इसके अलावा बैंकों को भी पेंशन फंड बनाने की सैद्धांतिक मंजूरी दे दी गई है।

Jitendra Singh
पब्लिश्ड2 Jan 2026, 02:55 PM IST
NPS: PFRDA ने ये भी कहा है कि सभी बैंक पेंशन फंड नहीं बना पाएंगे।
NPS: PFRDA ने ये भी कहा है कि सभी बैंक पेंशन फंड नहीं बना पाएंगे।

NPS: अगर आप नेशनल पेंशन सिस्टम (National Pension System) यानी NPS में निवेश करते हैं तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है। पेंशन से जुड़ी सबसे बड़ी रेगुलेटर संस्था पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने बड़ा फैसला लिया है। अब शेड्यूल्ड कमर्शियल बैंकों को भी NPS के लिए अपना पेंशन फंड (pension Fund) बनाने के लिए सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है। इसका सीधा फायदा करोड़ों NPS सब्सक्राइबर्स को मिलेगा क्योंकि इससे पेंशन सेक्टर में मुकाबला बढ़ेगा और ग्राहकों के पास ज्यादा विकल्प होंगे।

उम्मीद जताई जा रही है कि इस कदम से डिस्ट्रीब्यूशन बढ़ेगा और फंड मैनेजर्स के बीच कॉम्पिटिशन भी बढ़ेगा। वित्त मंत्रालय के बयान में कहा गया है कि प्रस्तावित फ्रेमवर्क मौजूदा रेगुलेटरी को दूर करने की कोशिश की गई है। अभी तक पेंशन सेक्टर में बैंकों की भागीदारी बेहद सीमित थी। कुल मिलाकर बैंक भी NPS के लिए अपना पेंशन फंड (pension Fund) बना सकेंगे। हालांकि इसके लिए कुछ नियम-शर्तों का पालन करना होगा।

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बैंकों को मिली NPS फंड की मंजूरी

पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी यानी PFRDA ने साफ किया है कि बैंकों को स्वतंत्र रूप से पेंशन फंड बनाने की सैद्धांतिक मंजूरी दे दी गई है। इसका मकसद पेंशन सिस्टम को मजबूत करना और ग्राहकों के हितों की सुरक्षा करना है। अभी तक नियमों के चलते बैंकों की भूमिका पेंशन फंड में सीमित थी लेकिन अब यह बदलने जा रहा है।

सभी बैंकों को नहीं मिलेगी एंट्री

PFRDA ने भी साफ तौर पर कहा है कि हर बैंक पेंशन फंड नहीं बना पाएगा। इसके लिए कुछ जरूरी शर्तें होंगी. बैंक की फाइनेंशियल स्थिति मजबूत होनी चाहिए। उसकी नेट वर्थ अच्छी होनी चाहिए और मैनेजमेंट सुरक्षित और भरोसेमंद होना चाहिए। ताकि सिर्फ मजबूत और भरोसेमंद बैंक ही लोगों की पेंशन का पैसा संभाल सकें। कहा जा रहा है कि वित्त मंत्रालय की ओर से इस मामले में अलग से नोटिफाई किया जाएगा। ये नियम नए और मौजूदा दोनों पेंशन फंड पर लागू होंगे।

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NPS ट्रस्ट बोर्ड में नए ट्रस्टी

गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए PFRDA ने चयन प्रक्रिया के बाद NPS ट्रस्ट के बोर्ड में तीन नए ट्रस्टियों की नियुक्ति की है। इनमें SBI के पूर्व चेयरमैन दिनेश कुमार खारा, UTI एसेट मैनेजमेंट कंपनी की पूर्व एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट स्वाति अनिल कुलकर्णी और डिजिटल इंडिया फाउंडेशन के को-फाउंडर अरविंद गुप्ता शामिल हैं। दिनेश कुमार खारा को NPS ट्रस्ट बोर्ड का चेयरपर्सन भी नियुक्त किया गया है।

पेंशन फंड क्या करता है?

आसान शब्दों में समझें तो पेंशन फंड वह संस्था होती है जो NPS में निवेश करने वाले लोगों से पैसा लेती है। यही फंड उस पैसे को निवेश करता है और तय नियमों के अनुसार रिटायरमेंट के समय भुगतान करता है। यानी आपकी भविष्य की पेंशन का पूरा जिम्मा इसी पर होता है।

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