PMGKAY Scheme: देश की गरीब जनता के लिए केंद्र सरकार और राज्य सरकारों की ओर से कई तरह की योजनाएं चलाई जाती है। ऐसे ही कोरोना काल में जब लोग घरों में दुबकने के लिए मजबूर हो गए थे। सड़कों पर सन्नाटा पसरा था। ट्रेन का पहिए तक थम गए थे। उस समय गरीबों के लिए केंद्र सरकार की ओर से प्रधानमंत्री गरीब कन्याण अन्न योजना शुरू की गई थी। यह योजना अभी तक जारी है। इसे साल 2029 तक बढ़ा दिया गया है। इस योजना के तहत पात्र राशन कार्ड के हर एक सदस्य को 5 किलो गेहूं या चावल मिलता है।
प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना दुनिया की सबसे बड़ी खाद्य सुरक्षा योजनाओं में से एक है। इस योजना के जरिए 81 करोड़ से ज्यादा लोगों को फायदा मिल रहा है। दरअसल, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत पात्र परिवारों को प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलोग्राम मुफ्त खाद्यान्न (गेहूं/चावल) मिलता है। इस स्कीम को देशभर में सरकारी राशन की दुकानों के जरिए चलाया जाता है।
प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना का लाभ कैसे लें?
इस स्कीम के तहत लाभार्थियों को राशन कार्ड की मदद से सरकारी राशन की दुकान से फ्री में अनाज मिलता है। इसके लिए सिर्फ राशन कार्ड की जरूरत रहती है। कुछ राज्यों ने अतिरिक्त पात्रता मानदंड निर्धारित किए हैं। इस योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को फ्री में खाद्य सामग्री दी जाती है।
इन डॉक्यूमेंट्स की होगी जरूरत
AAY या PHH श्रेणी का राशन कार्ड होना जरूरी है। इसके साथ ही आधार कार्ड भी जरूरी है। अगर आप PMGKAY का लाभ लेना चाहते हैं, तो सबसे पहले अपने राशन कार्ड की स्थिति को चेक करें। अगर राशन कार्ड नहीं है, तो तुरंत अपने राज्य के खाद्य और नागरिक आपूर्ति विभाग से संपर्क करें। अधिक जानकारी के लिए आधिकारिक वेबसाइट dfpd.gov.in या स्थानीय राशन डीलर से संपर्क करें।
कोरोना काल के बाद लाभार्थियों की संख्या में इजाफा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कोरोना काल के समय इस योजना के तहत करीब 80 करोड़ लोगों को फायदा मिल रहा था। मौजूदा समय में लाभार्थियों की संख्या बढ़कर करीब 81 करोड़ हो गई है। कुल मिलाकर कहने का मतलब ये हुआ कि जब से योजना शुरू हुई, उस समय से करीब 1 करोड़ की मामूली बढ़ोतरी हुई है। यह योजना अब भी जारी है।