Shree Cement Dividend 2025: सीमेंट सेक्टर की दिग्गज कंपनी श्री सीमेंट ने अपने शेयरधारकों को बड़ा तोहफा दिया है। कंपनी ने बीते कल फाइनेंशियल ईयर 2025-26 की दूसरी तिमाही के रिजल्ट्स जारी किए। इसके साथ ही शेयरधारकों के लिए भारी डिविडेंड का भी ऐलान किया है। कंपनी की ओर से दाखिल एक्सचेंज फाइलिंग के मुताबिक, बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 800 प्रतिशत या 80 रुपये प्रति शेयर लाभांश को मंजूरी दी। कंपनी के इतिहास में अब तक यह सबसे बड़ा डिविडेंड अमाउंट है।
श्री सीमेंट डिविडेंड रिकॉर्ड डेट 2025
कंपनी ने अंतरिम डिविडेंड के पात्र शेयरधारकों की पहचान के लिए रिकॉर्ड डेट भी तय कर दी है। जिन शेयरधारकों के पास 3 नंवबर तक कंपनी के शेयर मौजूद होंगे, उन्हें लाभांश का फायदा मिलेगा। वहीं, डिविडेंड का पेआउट 14 नवंबर 2025 से शुरू होगा। जो निवेश डिविडेंड के लिए शेयर खरीदना चाहते हैं, उनके पास 31 अक्टूबर तक का समय है।
कंपनी के मुनाफा में चार गुना बढ़ोतरी
बता दें कि कंपनी ने कमाल का तिमाही रिजल्ट जारी किया है। श्री सीमेंट ने बताया कि सितंबर 2025 की तिमाही के लिए उसका नेट प्रॉफिट चार गुना से ज्यादा बढ़कर 309.82 करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले साल की समान तिमाही में सिर्फ 76.64 करोड़ रुपये था। कंपनी ने बताया कि सेल्स वॉल्यूम में बढ़ोतरी और प्रीमियम प्रोडक्ट्स की हिस्सेदारी बढ़ने से मुनाफा बढ़ा है।
ऑपरेशनल रेवेन्यू में भी उछाल
ऑपरेशनल रेवेन्यू की बात करें, तो यह 17.43 प्रतिशत बढ़कर 4,761.07 करोड़ रुपये हो गई, जबकि पिछले साल यह 4,054.17 करोड़ रुपये दर्ज किया गया था। कुल सेल्स वॉल्यूम में 6.8 प्रतिशत की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सबसे अहम बात ट्रेड सेगमेंट में प्रीमियम प्रोडक्ट्स की हिस्सेदारी 21.1 प्रतिशथ तक पहुंच गई। इसका मतलब है कि कस्टमर महंगा लेकिन क्वालिटी प्रोडक्ट्स खरीद रहे हैं।
ब्रोकरेज ने दिया ये टार्गेट प्राइस
ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म गोल्डमैन सैक्स ने श्री सीमेंट पर न्यूट्रल रुख कायम रखा है। ब्रोकरेज ने निवेशकों के लिए 32,250 रुपये का टार्गेट सेट किया है। ब्रोकरेज ने कहा कि रियलाइजेशन में 2 प्रतिशत की तिमाही गिरावट आई, लेकिन प्रीमियम प्रोडक्ट्स का मिक्स 21 प्रतिशत पर स्थिर रहा। UAE ऑपरेशंस ने भी कमाल दिखाया है। इसके रेवेन्यू 40 प्रतिशत बढ़कर 458 करोड़ रुपये हो गया और EBITDA123 करोड़ रुपये रहा। यह लगातार दूसरी तिमाही है जब UAE यूनिट ने 100 करोड़ से ज्यादा का EBITDA दिया।