IMPS vs NEFT vs RTGS: देश में डिजिटल पेमेंट (Digital Payment) का चलन तेजी से बढ़ रहा है। इस कड़ी में ऑनलाइन फंड ट्रांसफर (Online Fund Transfer) में इजाफा हो रहा है। बैंक के ग्राहक इंटरनेट और मोबाइल बैंकिंग के जरिए एनईएफटी (NEFT), आरटीजीएस (RTGS) और आईएमपीएस (IMPS) और UPI के जरिए पैसों का लेनदेन (Fund Transfer) कर सकते हैं। यहां ऑनलाइन मनी ट्रांसफर करने के चार ऑप्शंस के बारे में बताया गया है, जिनका इस्तेमाल आप आसानी से कर सकते हैं।
NEFT (नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर)
नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर (NEFT) एक सुविधाजनक ऑनलाइन मनी ट्रांसफर टूल है जिसके द्वारा आप किसी भी अकाउंट होल्डर को पेमेंट भेज सकते हैं। यहां डिफर्ड बेसिस पर प्राप्तकर्ता के अकाउंट में पैसा ट्रांसफर किया जाता है। प्राप्तकर्ता के अकाउंट में होने वाला यह फंड ट्रांसफर उस समय के आधार पर आरबीआई के गाइडलाइन, सेटलमेंट स्लॉट के अनुसार होता है। ट्रांसफर अमाउंट लिमिट, अलग-अलग बैंक के लिए अलग-अलग हो सकता है।
आम तौर पर, यह सेटलमेंट, वीकडे के दौरान सुबह 8 बजे से शाम 7 बजे के बीच होता है और शनिवार के दिन सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच होता है। NEFT उन लोगों के लिए सुविधाजनक है जो एक बड़ी रकम ट्रांसफर करना चाहते हैं। एनईएफटी में न्यूनतम राशि का कोई प्रतिबंध नहीं है। यह सुविधा 24X7 चालू रहती है। ब्रांच से NEFT कराने की प्रकिया में शुल्क देना होता है।
RTGS
रियल-टाइम ग्रॉस सेटलमेंट (RTGS) फंड ट्रांसफर करने का दूसरा इलेक्ट्रॉनिक तरीका है। यह एक बैंक अकाउंट से दूसरे बैंक अकाउंट में फंड ट्रांसफर करने का सबसे फास्ट मोड है। लेकिन एक ही बैंक में एक अकाउंट से दूसरे अकाउंट में RTGS के जरिए फंड ट्रांसफर नहीं किया जा सकता। इसमें फंड ट्रांसफर की कम से कम सीमा दो लाख रुपये हैं। RTGS मोटी रकम ट्रांसफर करने वाला मोड है। इसमें भी किसी तरह का फंड ट्रांसफर शुल्क नहीं हैं। लेकिन ब्रांच में RTGS से फंड ट्रांसफर कराने पर शुल्क देना होगा।
IMPS (इमीडिएट मोबाइल पेमेंट्स सर्विस)
IMPS मोबाइल और इंटरनेट के जरिए 24×7 फंड ट्रांसफर की सुविधा देता है। यह रीयल-टाइम में काम करता है और न्यूनतम 1 रुपये से लेकर अधिकतम 5 लाख रुपये तक ट्रांसफर कर सकते हैं।
UPI (यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस)
इसका ऐप गूगल प्लेस्टोर पर मिलेगा जहां से इसे अपने स्मार्टफोन में डाउनलोड किया जा सकता है। UPI के जरिए एक दिन में 50 रुपये से लेकर एक लाख रुपये तक ट्रांसफर किए जा सकते हैं। यूपीआई 24 घंटे और सातों दिन काम करेगा। यूपीआई दरअसल एक वर्चुअल आईडी से दूसरे वर्चुअल आईडी तक फंड ट्रांसफर करता है। यूपीआई में आपको अपनी वर्चुअल आईडी अपने बैंक से मिलेगी। इसमें फोन नंबर के साथ वर्चुअल आईडी बनती है। आप आईएफएससी कोड या अकाउंट नंबर दर्ज किए बिना पैसे ट्रांसफर कर सकते हैं। यह एक रियल टाइम पेमेंट सिस्टम है जहां फंड्स, रियल टाइम बेसिस पर तुरंत क्रेडिट हो जाते हैं।