Uttar Pradesh Excise Policy 2026-27: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा वर्ष 2026-27 के लिए आबकारी नीति सम्बन्धी नियमों को मंजूरी दिये जाने से राज्य में अप्रैल से शराब की खुदरा कीमतें बढ़ सकती हैं। एक बयान के मुताबिक, प्रदेश मंत्रिमंडल ने नीति को मंजूरी दे दी, जिसमें खुदरा दुकानदारों के लिए अधिक लाइसेंस शुल्क और कीमत निर्धारण नियमों में बदलाव किये गया है।
इस बीच, राज्य सरकार ने 2026-27 के लिए एक आबकारी निर्यात नीति भी जारी की है और इसके साथ ही उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य बन गया है, जिसने राज्य में बनी शराब के विदेशी निर्यात को बढ़ावा देने के लिए एक अलग कार्ययोजना पेश की है।
लॉजिस्टिक्स सेक्टर में नए अवसर
ये नीति वैश्विक बाजार में उत्तर प्रदेश की मौजूदगी बढ़ाने के लिए डिस्टिलरी, बॉटलिंग, पैकेजिंग और लॉजिस्टिक्स में निवेश को बढ़ावा देने पर केंद्रित है। बयान के अनुसार, सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिये कम्पोजिट दुकानों, मॉडल शॉप, प्रीमियम मॉडल शॉप, देशी मदिरा एवं भांग की फुटकर दुकानों का व्यवस्थापन प्रथमतः आवेदन प्राप्त करते हुए नवीनीकरण के माध्यम से कराये जाने का निर्णय लिया है।
क्या है दुकान खुलने का वक्त?
यह व्यवस्था आबकारी नीति वर्ष 2026-27 के प्रख्यापन की तिथि से ही लागू होगी।बयान के मुताबिक, फुटकर दुकानें पूर्वाह्न 10 बजे से रात 10 बजे तक खुलेंगी।बयान में बताया गया कि शराब की फुटकर दुकानों के एम.जी.आर./ लाइसेंस शुल्क में 7.5 प्रतिशत की वृद्धि की गयी है जबकि भांग की दुकानों की लाइसेंस फीस में 10 प्रतिशत की वृद्धि होगी।बयान के मुताबिक, इन उपायों से सरकार को 1,500 करोड़ का अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होने का अनुमान है।