West Bengal News: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद अभिषेक बनर्जी विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कथित भड़काऊ बयान देने के मामले में मंगलवार को पश्चिम बंगाल CID के अधिकारियों के सामने पेश हुए। इससे पहले विधायकों के फर्जी हस्ताक्षर मामले में रविवार को सीआईडी और शिक्षक भर्ती घोटाले के सिलसिले में सोमवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) तृणमूल नेता से पूछताछ कर चुकी है। पिछले सप्ताह गुरुवार को भी फर्जी हस्ताक्षर मामले में CID ने उनसे पूछताछ की थी।
चुनाव के बाद हिंसा और भड़काऊं भाषण का आरोप
अभिषेक बनर्जी के खिलाफ कथित भड़काऊ बयानों को लेकर ठीक 1 महीने पहले प्राथमिकी दर्ज की गई थी। यह प्राथमिकी उत्तर 24 परगना जिले के बागुईआटी थाने में सामाजिक कार्यकर्ता राजीव सरकार की तरफ से पांच मई को दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर की गई थी। एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि शिकायत में आरोप लगाया गया था कि तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव ने चुनाव बाद की हिंसा और मतगणना प्रक्रिया पर भड़काऊ टिप्पणियां की थीं।
गृह मंत्री अमित शाह पर भी साधा था निशाना
शिकायतकर्ता का यह भी दावा है कि बनर्जी ने अपनी भड़काऊ टिप्पणियों में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधा था। उन्होंने बताया कि यह मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज किया गया है। शिकायतकर्ता ने बनर्जी पर 27 अप्रैल से तीन मई के बीच चुनाव से जुड़े कई कार्यक्रमों के दौरान भड़काऊ भाषण देने का आरोप लगाया।
पुलिस अधिकारी ने बताया था, ''शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि जनसभाओं के दौरान की गई कुछ टिप्पणियां उकसाने वाली थीं और उनसे सार्वजनिक व्यवस्था तथा सांप्रदायिक सद्भाव बिगड़ने की आशंका थी।''