BJP Whip for MPs: देश की राजनीति में संसद का हर सत्र बेहद अहम माना जाता है। खासकर जब बजट सत्र चल रहा हो, तब सरकार और विपक्ष दोनों के लिए सदन की कार्यवाही काफी महत्वपूर्ण हो जाती है। ऐसे समय में राजनीतिक दल अपने सांसदों को पूरी ताकत के साथ सदन में मौजूद रहने के निर्देश देते हैं।
इसी बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने भी अपने सांसदों के लिए बड़ा निर्देश जारी किया है। पार्टी ने अपने सभी सांसदों को 9 और 10 मार्च को संसद में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के लिए व्हिप जारी किया है।
सांसदों को दिया गया सख्त निर्देश
भारतीय जनता पार्टी ने अपने लोकसभा सांसदों को निर्देश दिया है कि वे 9 और 10 मार्च को सदन की कार्यवाही के दौरान हर हाल में मौजूद रहें। पार्टी का कहना है कि इन दिनों संसद में कई महत्वपूर्ण विधायी कार्य होने वाले हैं, इसलिए सांसदों की पूरी उपस्थिति जरूरी है। सांसदों से यह भी कहा गया है कि वे सदन में होने वाली चर्चाओं में सक्रिय रूप से भाग लें और जरूरत पड़ने पर सरकार के पक्ष में मतदान भी करें।
बजट सत्र का दूसरा चरण शुरू
दरअसल संसद के बजट सत्र का दूसरा चरण 9 मार्च से शुरू होने जा रहा है। इस चरण में कई महत्वपूर्ण काम होने वाले हैं, जिनमें विभिन्न मंत्रालयों की अनुदान मांगों पर चर्चा, वित्त विधेयक (Finance Bill) पर विचार समेत अन्य महत्वपूर्ण विधायी कार्य शामिल हैं।
सरकार के लिए यह चरण काफी अहम माना जा रहा है क्योंकि बजट से जुड़े कई फैसलों को इसी दौरान मंजूरी मिलनी है।
लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ प्रस्ताव की चर्चा
राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी चल रही है कि बजट सत्र के दूसरे चरण की शुरुआत के दिन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ विपक्ष अविश्वास प्रस्ताव ला सकता है। हालांकि इस पर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन ऐसी अटकलों के चलते भी बीजेपी ने अपने सांसदों को सदन में मौजूद रहने के निर्देश दिए हैं।
व्हिप जारी होने का मतलब क्या होता है?
संसदीय परंपरा में व्हिप जारी होना बेहद गंभीर निर्देश माना जाता है। जब किसी पार्टी की ओर से व्हिप जारी किया जाता है, तो उसके सभी सांसदों को सदन में उपस्थित रहना और पार्टी लाइन के अनुसार मतदान करना होता है। अगर कोई सांसद व्हिप के बावजूद अनुपस्थित रहता है या पार्टी के निर्देशों का पालन नहीं करता, तो उस पर पार्टी अनुशासन के तहत कार्रवाई भी हो सकती है।
कब शुरू हुआ था बजट सत्र
संसद का बजट सत्र इस वर्ष 28 जनवरी को शुरू हुआ था। इसकी शुरुआत राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करने के साथ हुई थी। अब सत्र के दूसरे चरण में सरकार कई अहम विधायी प्रस्तावों और वित्तीय मामलों को आगे बढ़ाने की तैयारी में है।
क्यों अहम माने जा रहे ये दो दिन
9 और 10 मार्च को संसद में होने वाली कार्यवाही को राजनीतिक रूप से भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। एक तरफ सरकार अपने विधायी एजेंडे को आगे बढ़ाना चाहती है, वहीं विपक्ष भी कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है। ऐसे में इन दो दिनों के दौरान सदन में गहमागहमी और तीखी बहस देखने को मिल सकती है।
आने वाले दिनों में संसद का माहौल और गरम होने वाला है। बजट सत्र का दूसरा चरण शुरू होते ही सरकार और विपक्ष आमने-सामने नजर आ सकते हैं। ऐसे में बीजेपी द्वारा जारी किया गया यह व्हिप साफ संकेत देता है कि पार्टी संसद में अपनी पूरी ताकत के साथ मौजूद रहना चाहती है।