Delhi blast: कोडवर्ड, 25 नाम, 32 गाड़ियों में धमाके का प्लान… ये रहे दिल्ली ब्लास्ट केस के अहम खुलासे

Delhi blast: दिल्ली के लाल किले धमाके में अब तक 13 लोगों की जान चली गई है। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने 32 पुरानी गाड़ियों को विस्फोटकों से लैस करने की योजना बनाई थी। DNA टेस्ट से पुष्टि हो गई है कि लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास जिस कार में विस्फोट में हुआ था उसे डॉ. उमर नबी ही चला रहा था।

Priya Shandilya
पब्लिश्ड13 Nov 2025, 03:59 PM IST
कोडवर्ड से लेकर 32 गाड़ियों में धमाके के प्लान तक, दिल्ली ब्लास्ट के अहम खुलासे
कोडवर्ड से लेकर 32 गाड़ियों में धमाके के प्लान तक, दिल्ली ब्लास्ट के अहम खुलासे

Delhi blast updates: दिल्ली के लाल किले मेट्रो स्टेशन के पास हुए धमाके ने पूरे देश को हिला दिया। 10 नवंबर को हुई इस घटना में अब तक 13 लोगों की जान जा चुकी है। अब जांच एजेंसियों की पड़ताल में कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। ANI ने सूत्रों के हवाले से बताया कि आरोपियों ने करीब 32 पुरानी गाड़ियों को विस्फोटकों से लैस कर अलग-अलग जगहों पर धमाके करने की योजना बनाई थी।

DNA टेस्ट से डॉ. उमर नबी के विस्फोटक वाली कार में होने की पुष्टि

डीएनए परीक्षण से पुष्टि हो गई है कि लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास जिस कार में विस्फोट में हुआ था उसे डॉ. उमर नबी ही चला रहा था। उसके स्टीयरिंग व्हील में मिले पैर के हिस्से और नबी की मां के डीएनए नमूने आपस में मैच हो गए हैं। इससे संकेत मिलता है कि विस्फोट के समय वह कार चला रहा था।

32 पुरानी गाड़ियों में धमाका करने की साजिश

इंटेलिजेंस एजेंसियों के सूत्रों ने बताया कि आरोपियों ने पहले i20 और EcoSport जैसी गाड़ियों को मॉडिफाई करना शुरू किया था। इसके बाद 32 और पुरानी गाड़ियों को विस्फोटकों से भरकर अलग-अलग जगहों पर धमाके करने की तैयारी थी।

इकोस्पोर्ट जब्त अब ब्रेजा गाड़ी की हो रही है तलाश

पुलिस अब एक Brezza गाड़ी की तलाश कर रही है, जो उमर नबी से जुड़ी बताई जा रही है। वहीं, फरीदाबाद पुलिस ने पहले ही एक लाल EcoSport जब्त की थी, जिसका लिंक भी उमर से जुड़ रहा है।

डायरी में दर्ज कोडवर्ड और 25 नाम

जांच एजेंसियों ने उमर और डॉ. मुजम्मिल के कमरों से डायरी बरामद की। इसमें 8 से 12 नवंबर तक की तारीखें और करीब 25 लोगों के नाम दर्ज थे। ज्यादातर नाम जम्मू-कश्मीर और फरीदाबाद से जुड़े हैं। इससे साफ है कि यह धमाका एक बड़ी साजिश का हिस्सा था।

दो-दो की टीम में अलग-अलग शहरों में जाने का था प्लान

जांच में शुरुआती खुलासे से पता चला है कि आरोपियों ने धमाके की बड़ी साजिश रची थी। प्लान ये था कि वे दो-दो लोगों की टीम बनाकर अलग-अलग शहरों में जाएंगे। हर टीम के पास कई IEDs यानी विस्फोटक उपकरण होंगे, ताकि एक साथ कई जगहों पर धमाके किए जा सकें।

सूत्रों के मुताबिक, करीब आठ संदिग्धों ने चार अलग-अलग जगहों पर सीरियल ब्लास्ट करने की योजना बनाई थी। इसके लिए उन्होंने चार शहरों में दो-दो लोगों की जोड़ी भेजने का इरादा किया था। हर जोड़ी के पास कई IEDs रखे जाने थे, ताकि एक ही समय पर कई धमाके किए जा सकें।

20 लाख रुपये और IEDs की तैयारी

सूत्रों ने बताया कि आरोपियों ने करीब 20 लाख रुपये जुटाए थे, जिसमें 3 लाख रुपये से गुरुग्राम और नूह से 20 क्विंटल NPK खाद खरीदी गई। इसी से IEDs बनाने की योजना थी। एजेंसियों ने यह भी बताया कि उमर और मुजम्मिल के बीच पैसों को लेकर विवाद हुआ था।

सिग्नल ऐप पर सीक्रेट ग्रुप, आतंकी नेटवर्क से जुड़ाव

उमर ने 2–4 लोगों का एक ग्रुप Signal ऐप पर बनाया था। वहीं, मुजम्मिल का झुकाव 2021–22 में ISIS से जुड़े संगठन Ansar Gazwat-Ul-Hind की ओर हुआ। हथियारों की बरामदगी से साफ है कि यह मॉड्यूल एक स्वतंत्र आतंकी ग्रुप बनाने की तैयारी में था।

तुर्किये से जुड़ी साजिश की जड़ें, 'उकासा' कोडनेम का खुलासा

टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक, जांच एजेंसियों ने पता लगाया है कि इस पूरी साजिश की जड़ें तुर्किये तक जाती हैं। वहां एक हैंडलर था, जिसका कोडनेम उकासा बताया जा रहा है। यही शख्स दिल्ली वाले मॉड्यूल को निर्देश दे रहा था, जिसे अल-फलाह यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर उमर नबी चला रहे थे।

सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, उकासा ही दिल्ली मॉड्यूल और आतंकी संगठनों जैश-ए-मोहम्मद (JeM) और अंसार गजवत-उल-हिंद (AGuH) के बीच कड़ी था। यह प्लान 2022 में ही तुर्किये में तैयार किया गया था। उमर नबी मार्च 2022 में अंकारा गया था और दो हफ्ते वहीं रुका। शुरुआत में बातचीत टेलीग्राम पर हुई, बाद में वे लोग सिग्नल और सेशन जैसे एन्क्रिप्टेड ऐप्स पर शिफ्ट हो गए।

धमाके से पहले उमर नबी मस्जिद के पास देखा गया

धमाके से कुछ घंटे पहले उमर नबी को रामलीला मैदान के पास एक मस्जिद के बाहर टहलते हुए CCTV में देखा गया। फुटेज में वह 3:19 बजे मस्जिद में दाखिल होता और 6:28 बजे बाहर निकलता दिखा। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज में उमर को एक संकरी गली में सीधे चलते हुए देखा जा सकता है, फिर वह अपना सिर दाईं ओर मोड़ता है, जिस क्षण कैमरा उसका चेहरा रिकार्ड करता है और फिर वह आगे बढ़ता है। उन्होंने बताया कि जांचकर्ताओं का मानना ​​है कि विस्फोट करने से कुछ समय पहले वह मस्जिद में गया होगा।

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

बिजनेस न्यूज़न्यूज़Delhi blast: कोडवर्ड, 25 नाम, 32 गाड़ियों में धमाके का प्लान… ये रहे दिल्ली ब्लास्ट केस के अहम खुलासे
More
बिजनेस न्यूज़न्यूज़Delhi blast: कोडवर्ड, 25 नाम, 32 गाड़ियों में धमाके का प्लान… ये रहे दिल्ली ब्लास्ट केस के अहम खुलासे
OPEN IN APP