अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर भारत-पाकिस्तान तनाव को लेकर खुद को श्रेय देते नजर आए हैं। इस बार ट्रंप ने दावा किया कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने सार्वजनिक तौर पर कहा कि ट्रंप की वजह से भारत और पाकिस्तान के बीच 2025 का संघर्ष टल गया और लाखों लोगों की जान बची।
‘जंग शुरू होने से पहले ही रोक दी’
मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि उन्होंने कुल आठ युद्ध रुकवाए, जिनमें भारत और पाकिस्तान का मामला भी शामिल है। उनके मुताबिक हालात इतने गंभीर हो चुके थे कि दोनों तरफ से लड़ाकू विमान हवा में मार गिराए जा रहे थे। ट्रंप ने कहा कि उन्होंने बिना परमाणु हथियारों के इस्तेमाल के हालात को तेजी से संभाल लिया।
नोबेल पुरस्कार का भी जिक्र
ट्रंप ने खुद की तुलना इतिहास के बड़े नेताओं से करते हुए कहा कि उनके अलावा शायद ही कोई ऐसा हो जिसने इतने बड़े युद्ध रोके हों। उन्होंने यह भी कहा कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन तक उनसे संपर्क में रहे और कई पुराने संघर्षों को खत्म करने की इच्छा जताई। ट्रंप ने खुलकर कहा कि उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार मिलना चाहिए क्योंकि उन्होंने लाखों जिंदगियां बचाईं।
यह बयान ट्रंप ने उस वक्त दिया, जब वे व्हाइट हाउस में तेल और गैस सेक्टर के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात कर रहे थे। पत्रकारों के सवालों के जवाब में उन्होंने फिर दोहराया कि लोग उन्हें पसंद करें या न करें, लेकिन उन्होंने कई बड़े युद्ध रुकवाए हैं।
पहले भी कर चुके हैं ऐसे दावे
यह पहला मौका नहीं है जब ट्रंप ने ऐसा दावा किया हो। मई 2025 के बाद से वे कई बार कह चुके हैं कि उनके दबाव की वजह से भारत और पाकिस्तान के बीच हालात संभले। हालांकि भारत सरकार इस दावे को लगातार खारिज करती रही है।
भारत ने दी है ये सफाई
भारत ने बार-बार कहा है कि भारत-पाकिस्तान के बीच किसी भी तरह की शांति वार्ता या तनाव कम करने में किसी तीसरे देश की कोई भूमिका नहीं रही। भारत का कहना है कि हालात सीधे दोनों देशों के बीच बातचीत से सुलझे।
भारत-पाकिस्तान में क्यों हुआ था तनाव
भारतीय पक्ष के मुताबिक 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया गया था, जिसके तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर में मौजूद नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। यह कार्रवाई अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई थी, जिसमें 26 लोगों की जान चली गई थी।
भारतीय अधिकारियों के अनुसार 10 मई 2025 को पाकिस्तान के डीजीएमओ ने भारत के डीजीएमओ से संपर्क किया और संघर्ष रोकने की बात रखी। इसके बाद दोनों देशों के बीच संघर्षविराम पर सहमति बनी।