Israel attacks Iran: इजरायल और ईरान के बीच चल रहा तनाव अब सीधे टकराव में बदल गया है। शनिवार सुबह इजरायल ने ईरान के खिलाफ 'शील्ड ऑफ जुडा' (Shield of Judah) नाम से एक बड़ा सैन्य ऑपरेशन शुरू किया है। इजरायली रक्षा मंत्री ने पुष्टि की है कि यह एक 'प्रिवेंटिव स्ट्राइक' यानी बचाव में किया गया हमला है, ताकि ईरान को बड़ी कार्रवाई करने से रोका जा सके। इस हमले में अमेरिका के शामिल होने की बात भी सामने आ रही है।
तेहरान में धमाके और आसमान में काला धुआं
ईरान की राजधानी तेहरान आज धमाकों की गूंज से दहल उठी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, धमाके इतने जोरदार थे कि शहर के मध्य इलाके में धुएं का गुबार साफ देखा गया। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि ये धमाके ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के कार्यालय के बेहद करीब हुए हैं। हमले के तुरंत बाद ईरान ने अपना पूरा हवाई क्षेत्र बंद कर दिया है और सभी उड़ानें रद्द कर दी हैं।
इजरायल में 'इमरजेंसी' और सायरन का शोर
हमला करने के साथ ही इजरायल ने अपने देश में भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर दिए हैं। पूरे इजरायल में एयर रेड सायरन बजाए गए हैं। इजरायल डिफेंस फोर्सेज (IDF) ने लोगों के मोबाइल पर सीधे मैसेज भेजकर उन्हें सुरक्षित ठिकानों के पास रहने को कहा है। IDF का कहना है कि यह एक 'प्रोएक्टिव अलर्ट' है। उन्हें डर है कि इजरायल के इस हमले के जवाब में ईरान भी मिसाइलें दाग सकता है, इसलिए जनता को पहले ही तैयार रहने को कहा गया है।
स्कूल-दफ्तर सब बंद, केवल 'जरूरी सेवाएं' जारी
इजरायल ने देश में 'इमरजेंसी' का ऐलान कर दिया है। सरकार ने नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं:
अमेरिका का साथ ईरान का बढ़ता तनाव
इजरायल ने आधिकारिक तौर पर यह माना है कि शनिवार को तेहरान पर किए गए इस 'सरप्राइज अटैक' में अमेरिका भी शामिल है। यह हमला ऐसे वक्त में हुआ है जब ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर पश्चिमी देशों और ईरान के बीच पहले से ही ठनी हुई थी। अब इस हमले के बाद पूरी दुनिया की नजरें ईरान के अगले कदम पर टिकी हैं।