Jaipur Student suicide news: जयपुर के मानसरोवर इलाके में स्थित नीरजा मोदी स्कूल में शनिवार दोपहर करीब 1:30 बजे एक दर्दनाक हादसा हो गया। छठी कक्षा की छात्रा अमायरा (9) की स्कूल की चौथी मंजिल से गिरकर मौत हो गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वह झाड़ियों में गिरी और सिर दीवार से टकरा गया। चीख सुनकर स्टाफ मौके पर पहुंचा और उसे मेट्रो मास अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने जताया आत्महत्या का शक
इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है जिसमें अमायरा स्कूल की रेलिंग से नीचे कूदती नजर आ रही है। पुलिस ने इसे प्रथम दृष्टया आत्महत्या का मामला बताया है और स्कूल परिसर में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया है ताकि सबूतों की जांच की जा सके।
परिवार का बुरा हाल
अमायरा अपने माता-पिता के साथ मानसरोवर द्वारका अपार्टमेंट में रहती थी और परिवार की इकलौती संतान थी। हादसे की सूचना मिलते ही मां शिबानी देव और पिता विजय देव अस्पताल पहुंचे। मां बार-बार डॉक्टरों से अपनी बच्ची को लौटाने की गुहार लगाती रही- “मेरी बच्ची को कहीं से भी लाकर दे दो।” पिता पूरी तरह खामोश थे। परिवार ने पहले पोस्टमॉर्टम के लिए सहमति नहीं दी, लेकिन देर रात मेडिकल बोर्ड ने पोस्टमॉर्टम किया।
स्कूल प्रबंधन पर गंभीर आरोप, रद्द होगी मान्यता!
शिक्षा विभाग की टीम जब स्कूल जांच के लिए पहुंची तो उन्हें अंदर नहीं जाने दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि स्कूल प्रबंधन ने जांच में सहयोग नहीं किया। जिला शिक्षा अधिकारी राम निवास शर्मा ने बताया कि न तो प्रिंसिपल मिले और न ही कोई प्रतिनिधि। गेट अंदर से बंद था और बार-बार खटखटाने पर भी कोई जवाब नहीं मिला। अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के असहयोग पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी और स्कूल की मान्यता रद्द करने पर विचार हो रहा है।
शिक्षा मंत्री ने खेद व्यक्त किया
राज्य के स्कूल शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने भी घटना पर दुख व्यक्त किया और मामले की विस्तृत रिपोर्ट देने के लिए समिति बनाई है। मंत्री दिलावर ने कहा, ‘‘ऐसा लगता है कि स्कूल में सुरक्षा के व्यापक प्रबंध नहीं थे। विद्यालय संचालकों को बच्चों की सुरक्षा के पुख्ता इंताम करने चाहिए।’
दिलावर ने अधिकारियों को स्कूल पहुंचकर जमीनी स्तर पर जांच करने के निर्देश दिए। हालांकि छह अधिकारियों की टीम को डेढ़ घंटे से अधिक इंतजार करने के बावजूद कथित तौर पर प्रिंसिपल या प्रबंधन से मिलने नहीं दिया गया।
शिक्षक के व्यवहार से परेशान थी बच्ची?
संयुक्त अभिभावक संघ के प्रवक्ता अभिषेक जैन ने दावा किया कि अमायरा एक शिक्षक के व्यवहार से परेशान थी और इसी वजह से उसने यह कदम उठाया। जैन ने कहा, ‘‘हमने कई छात्रों से बात की है। यह बात सामने आई है कि लड़की एक शिक्षक के व्यवहार से परेशान होकर चौथी मंजिल से कूद गई। दुख की बात है कि स्कूल प्रशासन ने सबूत मिटा दिए और घटनास्थल की सफाई कर दी।’’
उन्होंने कहा, ‘‘न तो सरकार और न ही स्कूल सुरक्षा मानकों को गंभीरता से ले रहे हैं। जब कोई घटना होती है, तब उनकी नींद खुलती है। हमारी मांग है कि स्कूलों की विभिन्न समितियों में अभिभावकों को भी शामिल किया जाए और उनके सुझाव भी शामिल किए जाएं।’’