जन्म से ही भुजाहीन पैरा तीरंदाज शीतल देवी ने गुरुवार (6 नवंबर) को एक और उपलब्धि हासिल करते हुए जेद्दा में होने वाले आगामी एशिया कप चरण तीन के लिए भारत की सक्षम जूनियर टीम में जगह बनाई।
पिछले साल नवंबर में ही अमिताभ बच्चन के ‘कौन बनेगा करोड़पति’ शो में शीतल ने एक इच्छा व्यक्त की थी ‘एक दिन सक्षम एथलीटों के साथ प्रतिस्पर्धा करना’। ठीक एक साल बाद उनका यह सपना साकार हो गया।
विश्व कंपाउंड चैंपियन शीतल के लिए एक सक्षम अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए भारतीय टीम में शामिल होना एक और ऐतिहासिक उपलब्धि है। शीतल ने टीम की घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर लिखा, ‘‘जब मैंने प्रतिस्पर्धा शुरू की थी तो मेरा एक छोटा सा सपना एक दिन सक्षम तीरंदाजों के साथ प्रतिस्पर्धा करना था। शुरुआत में मैं इसमें सफल नहीं हो पाई, लेकिन मैं हर असफलता से सीखते हुए आगे बढ़ती रही। आज वह सपना एक कदम और करीब आ गया है।"
जानिए शीतल देवी के बारे में सबकुछ
10 जनवरी 2007 को जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के लोलधर गांव में जन्मी शीतल एक दुर्लभ बीमारी फोकोमेलिया के साथ पैदा हुईं, जिसके कारण उनके हाथ नहीं हैं। शारीरिक चुनौतियों के बावजूद, शीतल का आत्मविश्वास और हौसला हमेशा मजबूत रहा।
2019 में उनके जीवन में बड़ा बदलाव आया, जब किश्तवाड़ में एक युवा कार्यक्रम के दौरान भारतीय सेना की राष्ट्रीय राइफल्स ने उनकी प्रतिभा और आत्मविश्वास को देखा। सेना ने आगे बढ़कर उनकी शिक्षा और चिकित्सा की ज़िम्मेदारी ली।
शीतल का पैरों की मदद से पेड़ पर चढ़ने का अनोखा तरीका उनकी अद्भुत ताकत और संतुलन दिखाता था यही गुण आगे चलकर उन्हें एक सफल पैरा तीरंदाज बनने में मददगार साबित हुए।
कितनी है नेट वर्थ और ब्रांड एंडोर्समेंट्स
तमाम रिपोर्ट्स के अनुसार, साल 2025 तक शीतल की अनुमानित कुल संपत्ति लगभग 70 से 90 लाख रुपये है। यह राशि उन्हें मुख्य रूप से सरकारी पुरस्कारों, प्रतियोगिताओं में जीत और स्पॉन्सरशिप से मिली है।
शीतल आज सशक्तिकरण और साहस की प्रतीक बन चुकी हैं। इसी कारण वे कई ब्रांड्स के साथ जुड़ी हैं जो महिलाओं और समावेशिता पर काम करते हैं। उन्हें निम्न अभियानों में देखा गया है:
- नाइकी इंडिया – “Just Don’t Quit” पहल
- भारतीय सेना और भारतीय खेल प्राधिकरण के प्रेरणादायक विज्ञापन
- भारतीय पैरालंपिक समिति के जागरूकता अभियान
उनकी बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए, कई कंपनियां अब उन्हें स्पोर्ट्स इक्विपमेंट और अपैरल के लिए ब्रांड पार्टनरशिप की पेशकश कर रही हैं।