Terrorist Pannun News: राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अमेरिका स्थित आतंकवादी गुरपतवंत सिंह पन्नू के खिलाफ एक और प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है। पन्नू आतंकवादी और अलगाववादी समूह सिख फॉर जस्टिस (SFJ) का महासचिव है और भारत के खिलाफ लगातार जहर उगलता रहता है। पन्नू पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ धमकी भरे बयान देने और हिंसा भड़काने का आरोप है। उस पर खालिस्तान समर्थक भावनाओं को भड़काने का भी आरोप है।
सिख सैनिकों को भड़काने का किया प्रयास
नए एफआईआर के अनुसार, पन्नू ने कथित रूप से सिख सैनिकों को 15 अगस्त, 2025 को भारत के स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी को लाल किले पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने से रोकने के लिए उकसाया था। सूत्रों का कहना है कि पन्नू पर इस कार्य के लिए 11 करोड़ रुपये का प्रस्ताव देने का आरोप है। एनआईए ने पहले भी आरोपी के खिलाफ कई अन्य मामले दर्ज किए हैं।
एनआईए के पास पन्नू के खिलाफ ठोस सबूत
टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, एनआईए ने पन्नू के आतंकी संगठन एसएफजे अमेरिका के एक्स हैंडल पर 10 अगस्त, 2025 को पोस्ट किया गया एक वीडियो रिट्रीव किया है। उस वीडियो में पन्नू सिख सैनिकों को उकसाने के साथ-साथ कथित खालिस्तान का नक्शा भी दिखा रहा है।
कथित खालिस्तान स्टेट का दिखाया नक्शा
इस नक्शे में पंजाब, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश और उत्तर प्रदेश को खालिस्तान का हिस्सा बता रहा है। एनआईए की एफआईआर कहती है कि पन्नू ने 10 अगस्त को पाकिस्तान के लाहौर प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस क्लब को वीडियो लिंक से संबोधित किया था। पन्नू तब वॉशिंगटन में था और भारत विरोधी भावनाएं भड़का रहा था।
पन्नू के पीछे पड़ी एनआईए
पन्नू ने कहा है कि एसएफजे के शहीद जत्था भारत के खिलाफ लड़ेगा। एनएआई ने पन्नू के इस बयान आधार पर कहा है कि अमेरिका में बैठा यह आतंकी भारत की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और सुरक्षा को बाधित करने की गतिविधियों में संलिप्त है। जांच एजेंसी ने कहा कि केंद्र सरकार पन्नू की इन गतिविधियों के मद्देनजर उसके खिलाफ एनआईए एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करके जांच करने को जरूरी समझ रही है।