दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से सुबह के समय हल्की धूप जरूर नजर आ रही है, लेकिन ठंड का असर अब भी बना हुआ है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बर्फबारी के कारण वहां से आने वाली ठंडी हवाएं मैदानी इलाकों में ठिठुरन बढ़ा रही हैं।
इन हवाओं की रफ्तार लगभग 15 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे के बीच बनी हुई है, जिससे रात के तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। वहीं दिन का तापमान भी सामान्य से कम रहकर 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है।
आज फिर बदल सकता है मौसम का मिजाज
मंगलवार को दिल्ली-एनसीआर के मौसम में एक बार फिर बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने क्षेत्र में खराब मौसम की आशंका को देखते हुए चेतावनी जारी की है। इस दौरान हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। बीते कुछ दिनों बाद एक बार फिर बारिश और आंधी-तूफान जैसी स्थिति बन सकती है, ऐसे में लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
बारिश से प्रदूषण में आ सकती है कमी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाली बारिश के चलते वायु गुणवत्ता में कुछ हद तक सुधार हो सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता अभी कुछ समय तक बनी रह सकती है। जनवरी के अंत में एक और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव में आने की संभावना है। इस दौरान न्यूनतम तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी देखी जा सकती है, जबकि अधिकतम तापमान में बहुत अधिक बदलाव नहीं होगा। फरवरी की शुरुआत तक मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहने के आसार हैं।
बारिश, बर्फबारी और ओलावृष्टि की संभावना
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, एक मजबूत पश्चिमी विक्षोभ के असर से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी हो सकती है। कुछ इलाकों में भारी वर्षा, बर्फ गिरने और ओलावृष्टि की भी संभावना जताई जा रही है।
इसके साथ ही उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में भी कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज़ हवाओं के चलने की आशंका है। हवाओं की गति सामान्य तौर पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर यह और अधिक तेज़ हो सकती है। इसके अलावा महीने के अंत में एक और पश्चिमी विक्षोभ क्षेत्र के मौसम को प्रभावित कर सकता है।