Chaitra Navratri 2026: क्या पीरियड्स में नवरात्रि व्रत रख सकती हैं महिलाएं? जानें धर्म और विज्ञान का नजरिया

चैत्र नवरात्रि में महिलाएं पीरियड्स के दौरान भी व्रत रख सकती हैं, लेकिन पूजा सामग्री और मंदिर को छूने से बचें। यह एक प्राकृतिक प्रक्रिया है और भक्ति मन से होती है। व्रत रखते समय सेहत का ध्यान रखें, कमजोरी हो तो व्रत न रखें और हल्का फलाहार लें।

Manali Rastogi
अपडेटेड18 Mar 2026, 07:37 AM IST
Chaitra Navratri
Chaitra Navratri(Pexels)

Chaitra Navratri 2026: चैत्र नवरात्रि 2026 की शुरुआत 19 मार्च 2026 से होने जा रही है। इन नौ पवित्र दिनों में भक्त मां दुर्गा की पूजा करते हैं, व्रत रखते हैं और आध्यात्मिक कार्यों में लगे रहते हैं। नवरात्रि शुरू होते ही कई महिलाओं के मन में सवाल आता है किक्या पीरियड्स के दौरान व्रत रखा जा सकता है? आइए इसे आसान भाषा में समझते हैं।

क्या महिलाएं पीरियड्स में नवरात्रि व्रत रख सकती हैं?

हां, महिलाएं पीरियड्स के दौरान भी नवरात्रि का व्रत रख सकती हैं। हालांकि, इस समय कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए:

  • अखंड ज्योति, पूजा सामग्री और मंदिर के स्थान को छूने से बचें।
  • देवी शक्ति हर महिला में होती है, और मासिक धर्म शरीर की एक प्राकृतिक प्रक्रिया है।
  • व्रत रखने में कोई धार्मिक बाधा नहीं है, लेकिन अपनी सेहत का ध्यान जरूर रखें।

यह भी पढ़ें | जानें क्या है गुड़ी पड़वा, ईद-उल-फितर, चैत्र नवरात्रि और राम नवमी की सही डेट

क्या है धार्मिक दृष्टिकोण?

  • सनातन धर्म में शरीर और मन की शुद्धता को महत्व दिया गया है।
  • पहले के समय में यह माना जाता था कि पीरियड्स के दौरान महिलाएं “अशुद्ध” होती हैं, इसलिए उन्हें मंदिर में जाने या पूजा करने से रोका जाता था।
  • इसी वजह से आज भी कई लोग मानते हैं कि इस समय व्रत या पूजा नहीं करनी चाहिए।

जानिए आधुनिक और वैज्ञानिक नजरिया

  • आज के समय में लोग धर्म को समझदारी से अपनाते हैं।
  • पीरियड्स एक सामान्य और प्राकृतिक प्रक्रिया है।
  • भगवान ने ही इंसान को बनाया है, इसलिए वे किसी को भी इस वजह से पूजा करने से नहीं रोकते।
  • सच्ची भक्ति दिल से होती है। अगर मन साफ है, तो आप पीरियड्स में भी माँ दुर्गा की पूजा कर सकती हैं।

यह भी पढ़ें | चैत्र नवरात्रि शुरू होने से पहले घर लाएं ये 5 चीजें, बनी रहेगी पॉजिटिव एनर्जी

स्वास्थ्य को दें सबसे ज्यादा महत्व

व्रत रखते समय सबसे जरूरी है आपकी सेहत। पीरियड्स के दौरान हार्मोनल बदलाव के कारण कमजोरी, दर्द या थकान हो सकती है। ऐसे में:

  • बहुत लंबे या कठिन व्रत न रखें, खासकर अगर कमजोरी महसूस हो रही हो।
  • अगर चक्कर आए, पेट में तेज दर्द हो या असहज महसूस हो, तो तुरंत व्रत तोड़ दें।
  • मां दुर्गा कभी नहीं चाहेंगी कि आप खुद को तकलीफ देकर व्रत रखें।
  • अगर अनाज नहीं खाना चाहती हैं, तो आप साबूदाना खिचड़ी, सामक चावल, कुट्टू की रोटी और फलाहार ले सकती हैं।

पीरियड्स के दौरान नवरात्रि व्रत के कुछ नियम

  • मानसिक पूजा (मन ही मन पूजा) करें।
  • मां दुर्गा का ध्यान और भक्ति बनाए रखें।
  • मूर्तियों या पूजा की चीजों को छूने से बचें।
  • निर्जला व्रत न रखें, बल्कि दूध, फल और नारियल पानी लें।
  • घर के अन्य सदस्य पूजा और भोग का काम कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें | इस साल चैत्र नवरात्रि 8 दिन की है या 9 दिन की? जानिए सही तिथि, शुभ मुहूर्त

पीरियड्स के दौरान व्रत रखना या न रखना आपकी आस्था और सेहत पर निर्भर करता है। सबसे जरूरी है कि आप अपने शरीर की सुनें और बिना किसी दबाव के निर्णय लें। सच्ची भक्ति मन से होती है।

(डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी सिर्फ धार्मिक मान्यताओं और परंपराओं पर आधारित है। मिंट हिंदी इस जानकारी की सटीकता या पुष्टि का दावा नहीं करता। किसी भी उपाय या मान्यता को अपनाने से पहले किसी योग्य विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है।)

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

होमट्रेंड्सChaitra Navratri 2026: क्या पीरियड्स में नवरात्रि व्रत रख सकती हैं महिलाएं? जानें धर्म और विज्ञान का नजरिया
More