क्या उम्र के साथ कम हो जाता है मेटाबोलिज्म? कार्डियोलॉजिस्ट का जवाब जानकर हो जाएंगे हैरान

मेटाबॉलिज्म केवल उम्र से धीमा नहीं होता, बल्कि कम शारीरिक गतिविधि और घटती मांसपेशियां इसका मुख्य कारण हैं। डॉ. संजय भोजराज के अनुसार सक्रिय रहना और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करना जरूरी है। सप्ताह में 2 से 3 दिन व्यायाम करने से मेटाबॉलिज्म संतुलित और शरीर स्वस्थ रहता है।

Manali Rastogi
अपडेटेड25 Feb 2026, 02:02 PM IST
क्या उम्र के साथ कम हो जाता है मेटाबोलिज्म? कार्डियोलॉजिस्ट का जवाब जानकर हो जाएंगे हैरान
क्या उम्र के साथ कम हो जाता है मेटाबोलिज्म? कार्डियोलॉजिस्ट का जवाब जानकर हो जाएंगे हैरान(Pexels)
यह भी पढ़ें | रमजान में खुद को फिट रखने के लिए रूटीन में इन एक्सरसाइज को करें शामिल

जैसे जैसे उम्र बढ़ती है, लोग मानते हैं कि मेटाबॉलिज्म अपने आप धीमा हो जाता है, जिससे वजन बढ़ने और फैट जमा होने की समस्या होती है। लेकिन पूरी सच्चाई यह नहीं है। 20 साल से अधिक अनुभव वाले इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट और फंक्शनल मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. संजय भोजराज ने 21 फरवरी को अपने इंस्टाग्राम पर बताया कि उम्र के अलावा भी कई बड़े कारण होते हैं।

क्या सच में मेटाबॉलिज्म उम्र से धीमा होता है?

कई लोग सोचते हैं कि बढ़ती उम्र के कारण मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है। उम्र का थोड़ा असर जरूर होता है, लेकिन असली वजह कुछ और होती है।

डॉ. भोजराज के अनुसार, मेटाबॉलिज्म इसलिए धीमा होता है क्योंकि लोग कम चलने फिरने लगते हैं और उनके शरीर में मांसपेशियां कम हो जाती हैं। उम्र के साथ शारीरिक गतिविधियां घट जाती हैं और मसल मास स्वाभाविक रूप से कम होता है। ये दोनों बातें कैलोरी जलाने की क्षमता को प्रभावित करती हैं।

यह भी पढ़ें | तमन्ना भाटिया के फिटनेस कोच से जानें जब कर रहे वेट लॉस तो किस स्नैक को न खाएं

मेटाबॉलिज्म एक ऐसा शब्द है जिसके बारे में फिटनेस और वेलनेस की दुनिया में अक्सर बात होती है। लेकिन यह सिर्फ एक ट्रेंडिंग शब्द नहीं है। मेटाबॉलिज्म शरीर की एक अहम प्रक्रिया है। हार्वर्ड हेल्थ के अनुसार, मेटाबॉलिज्म वह आंतरिक प्रक्रिया है जिसके जरिए शरीर ऊर्जा खर्च करता है और कैलोरी जलाता है।

चूंकि वजन घटाने के लिए कैलोरी जलाना जरूरी है, इसलिए लोग मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने पर ध्यान देते हैं। तेज मेटाबॉलिज्म का मतलब है कि आपका शरीर कैलोरी को ज्यादा प्रभावी तरीके से जलाकर वजन कम कर सकता है।

चाहे चलने फिरने में दिक्कत हो, काम का दबाव हो या उम्र के साथ जिम से दूरी बन जाना, नियमित व्यायाम अक्सर पीछे छूट जाता है। इसका असर शरीर की कार्यप्रणाली पर पड़ता है और मेटाबॉलिज्म भी प्रभावित होता है।

क्या करना चाहिए?

डॉ. भोजराज का कहना है कि अगर आप अपना मेटाबॉलिज्म बनाए रखना चाहते हैं तो सक्रिय रहना जरूरी है और मांसपेशियों को मजबूत रखना चाहिए। इससे मेटाबॉलिज्म लंबे समय तक संतुलित रहता है। सक्रिय रहने के लिए केवल जिम जाना जरूरी नहीं है। रोजाना टहलना, लिफ्ट की जगह सीढ़ियों का उपयोग करना, भारी भोजन के बाद थोड़ा चलना या स्ट्रेचिंग करना भी फायदेमंद है।

मई 2011 में प्रकाशित एक अध्ययन में पाया गया कि स्ट्रेंथ ट्रेनिंग उम्र से जुड़ी कमजोरियों को कम कर सकती है। मांसपेशियों को बढ़ाना मेटाबॉलिज्म को बनाए रखने के लिए बेहद जरूरी है। कई लोग यह भी पूछते हैं कि क्या स्ट्रेंथ ट्रेनिंग बुजुर्गों के लिए सुरक्षित है। सही मार्गदर्शन में की गई एक्सरसाइज सुरक्षित और फायदेमंद होती है।

यह भी पढ़ें | रमजान में रोजा खोलने से पहले पढ़ें ये 3 दुआएं, होगी बरकत, पूरे होंगे रुके काम

2019 में द जर्नल ऑफ स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग रिसर्च में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, सही तकनीक और देखरेख के साथ किया गया रेजिस्टेंस ट्रेनिंग प्रोग्राम स्वस्थ बुजुर्गों के लिए सुरक्षित है। इसमें सप्ताह में 2 से 3 बार सभी मुख्य मांसपेशियों के लिए मध्यम से अधिक तीव्रता वाले व्यायाम शामिल होने चाहिए।

(डिस्क्लेमर: ये सलाह सामान्य जानकारी के लिए दी गई है। कोई फैसला लेने से पहले विशेषज्ञ से बात करें। मिंट हिंदी किसी भी परिणाम के लिए जिम्मेदार नहीं है।)

Get Latest real-time updates

Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.

होमट्रेंड्सक्या उम्र के साथ कम हो जाता है मेटाबोलिज्म? कार्डियोलॉजिस्ट का जवाब जानकर हो जाएंगे हैरान
More