सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हर्षा रिछारिया ने बुधवार को कहा कि उन्होंने सनातन धर्म का प्रचार बंद करने का फैसला किया है। प्रफेशनल होस्ट हर्षा रिछारिया उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में आयोजित हुए महाकुंभ मेले से चर्चाओं में आई थीं। उनका कहना है कि सनातन धर्म का प्रचार करने के उनके निर्णय के बाद उन पर तरह-तरह से कीचड़ उछाला गया जिससे उनका मनोबल अब टूट चुका है।
हर्षा रिछारिया ने धार्मिक मार्ग से हटने का किया फैसला
मकर संक्रांति के मौके पर नर्मदा नदी में डुबकी लगाने के बाद 31 वर्षीय अभिनेत्री ने कहा, 'हर कोई हिंदू राष्ट्र की बात करता है लेकिन इसका प्रचार करने के लिए आगे आने वाले किसी भी युवा को विरोध का सामना करना पड़ता है।' हर्षा ने कहा कि लगातार आलोचना, मानसिक तनाव और चरित्र पर हमलों ने उन्हें धार्मिक मार्ग से हटने तथा अपने पिछले जीवन में वापस जाने के लिए मजबूर किया है।
धर्म गुरुओं के विरोध से टूटा मनोबल: रिछारिया
मॉडल से संन्यासी बनी हर्षा ने कहा, 'जब आप सही रास्ता चुनते हैं और कुछ धर्म गुरु आपका विरोध करते हैं तो व्यक्ति बहुत निराश होता है।' उन्होंने कहा कि वह अपने औपचारिक पेशेवर जीवन में लौटने से पहले गंगा नदी में एक अंतिम डुबकी लगाएंगी। हर्षा ने कहा, ‘18 जनवरी को मैं प्रयागराज के संगम में डुबकी लगाऊंगी।’
मेरे चरित्र पर भी सवाल उठाए गए: रिछारिया
हर्षा रिछारिया ने कहा कि इस अनुष्ठान के साथ वह धार्मिक पथ के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को औपचारिक रूप से समाप्त कर देंगी। हर्षा ने कहा, 'मेरे चरित्र पर सवाल उठाए गए। मैंने धर्म के रास्ते पर चलकर जो कुछ भी करने की कोशिश की, उस पर सवाल उठाए गए और उसका विरोध किया गया।' उन्होंने कहा, 'मैंने जितनी परीक्षा देने की जरूरत थी, वह दी। आप अपने धर्म को अपने तक ही सीमित रखें।' हर्षा के इंस्टाग्राम पर लगभग 17 लाख फॉलोअर्स हैं।