Budget 2026 India: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026 जारी कर दिया है, लेकिन करदाताओं के हाथ निराशा लगी है। अगर आप भी इनकम टैक्स भरते हैं,तो आपकी मायूसी दूर करने के लिए हम एक ऐसी ट्रिक लाए हैं, जिससे आप अपना इनकम टैक्स लीगल तरीके से बचा सकते हैं। अगर नए टैक्स रिजीम की बात करें,तो आपके पास कई लीगल रास्ते है, जिनका इस्तेमाल करके आप अपना टैक्स जीरो भी कर सकते हैं।
कॉर्पोरेट NPS
टैक्स बचाने का एक बेहद असरदार लेकिन कम चर्चित तरीका सेक्शन 80CCD(2)है। अगर आपका एम्प्लॉयर आपके NPS अकाउंट में आपकी बेसिक सैलरी का 14% तक योगदान करता है,तो पूरी रकम टैक्स-फ्री हो जाती है। नए टैक्स रिजीम में यह सबसे बड़ा फायदा है, जिसे समझदारी से इस्तेमाल करके आप अपना टैक्स बोझ लगभग खत्म कर सकते हैं।
होम लोन
अगर आपके पास घर है और आपने उसे किराए पर दिया है, तो इससे आप नई टैक्स रिजीम में अपना टैक्स बचा सकते हैं। किराए से होने वाली आय को आप लोन के ब्याज के साथ एडजस्ट कर सकते हैं। इस नियम के तहत आपको उतनी ही छूट मिलेगी जितना ब्याज आप चुका रहे हैं। बशर्ते किराए से उतनी ही कमाई हो रही हो। अगर किराए से ज्यादा आय होती है, तो उस अतिरिक्त हिस्से पर टैक्स देना पड़ेगा।
रीइंबर्समेंट
रीइम्बर्समेंट सैलरी में टैक्स बचाने का एक स्मार्ट तरीका है। अगर आपकी कंपनी ये सुविधा देती है, तो आप कई खर्चों के बिल जमा करके अपनी टैक्सेबल इनकम को कम कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, फूड कूपन (Meal Vouchers) से हर महीने ₹2200 से ₹3000 तक की कमाई टैक्स-फ्री हो सकती है, जो साल भर में ₹26,000 से ₹36,000 तक की बचत बनती है। 20% टैक्स स्लैब में आने वालों के लिए यह सीधे ₹5200 से ₹7200 रुपये की टैक्स बचत है।
इसी तरह, कार और ड्राइवर या कन्वेंस अलाउंस के तहत कंपनी करीब 1.5 लाख रुपये तक का रीइम्बर्समेंट देती है, जिससे आप लगभग ₹30,000 तक टैक्स बचा सकते हैं।इसके अलावा, बुक्स, फोन, इंटरनेट, यूनिफॉर्म और मेडिकल खर्चों पर भी रीइम्बर्समेंट लिया जा सकता है। इन सबको मिलाकर आप हर महीने करीब ₹10,000 तक और साल भर में ₹1.2 लाख रुपये तक टैक्स बचा सकते हैं। 20% स्लैब में यह लगभग ₹24,000 रुपये की सीधी बचत है।