
Bondi Beach Attack: सिडनी के बॉन्डी बीच पर हुए भयानक हमले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, उसमें फिलीपींस के दक्षिणी मिंडानाओ क्षेत्र का नाम सामने आया है। सुरक्षा सूत्रों का कहना है कि इस हमले को अंजाम देने वाले पाकिस्तानी मूल के व्यक्ति साजिद अकरम और उसके बेटे नाविद अकरम ने यहां आकर 'मिलिट्री-स्टाइल ट्रेनिंग' ली थी और फिर अचानक गायब हो गए थे।
रक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक, '1990 के दशक की शुरुआत से ही फिलीपींस इस्लामी चरमपंथियों का हॉटस्पॉट रहा है,' जब पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा पर मौजूद आतंकी ट्रेनिंग कैंपों को दक्षिणी मिंडानाओ में दोबारा स्थापित किया गया। सदियों से चली आ रही शिकायतें और घने जंगल इस इलाके को वैश्विक जिहाद की प्रयोगशाला बनाए हुए हैं, जहां स्थानीय अलगाववादी गुट खतरनाक अंतरराष्ट्रीय गठजोड़ कर रहे हैं।
दक्षिणी मिंडानाओ, जिसमें बसिलन, सुलू और जाम्बोआंगा प्रायद्वीप जैसे प्रांत शामिल हैं, यहां का इतिहास, धर्म और गुस्सा इसे एक विस्फोटक क्षेत्र बनाते हैं। यहां के निवासी 'मोरो मुस्लिम' हैं, जो प्राचीन सल्तनतों के वंशज हैं। यहां वर्ष 1977 में इस्लाम की सबसे कट्टरपंथी विचारधार सलाफी का प्रचार जोर पकड़ा जब हाशिम सलामत ने मोरो इस्लामिक लिबरेशन फ्रंट (MILF) नामक संस्था की स्थापना की।
इसने फिलिपिंस को शरिया के तहत एक इस्लामी राज्य बनाने की मांग की। MILF का गढ़ 'कैंप अबू बकर' था, जो एक ट्रेनिंग हब के तौर पर भी काम करता था। दूसरी तरफ, एक अन्य संगठन MNLF भी तेजी से फल-फूल रहा था। 1970 के दशक के अंत तक MNLF के पास 30,000 लड़ाके हो चुके थे। 1990 के दशक तक गुरिल्ला युद्ध में 1,20,000 से अधिक लोगों की जान चली गई।
1990 के दशक में वैश्विक जिहाद का प्रभाव इस क्षेत्र में तेजी से फैला। अफगानिस्तान में सोवियत संघ पर मुजाहिदीनों की जीत से प्रभावित होकर, हजारों मोरो लड़ाके पाकिस्तान के पेशावर और हिंदू कुश के युद्ध क्षेत्रों में ट्रेनिंग के लिए गए। MNLF के एक अनुभवी लड़ाके अब्दुराजाक अबू बकर जंजालानी ने अल-कायदा से संबंध बनाकर 1991 में बसिलन में अबू सैयाफ ग्रुप (ASG) की स्थापना की।
ये सिर्फ ठिकाने नहीं थे, बल्कि अफगान-शैली के कैंप थे जहां हथियारों का अभ्यास और वैचारिक शिक्षा दी जाती थी। इंडोनेशिया के अल-कायदा सहयोगी, जमाह इस्लामियाह (JI) ने ट्रेनर और फंड भेजा। 1993 में वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर बमबारी करने वाला रामजी यूसुफ भी बसिलन में छिपकर एयरलाइन डाउन करने की साजिश रच चुका था। दरअसल, मिंडानाओ में घने जंगल, छिपे हुए द्वीप और पड़ोसी देशों के साथ खुली सीमाएं हैं। यही भौगोलिक स्थिति, गरीबी और सांस्कृतिक अलगाव इस क्षेत्र को आतंकवादियों के लिए जन्नत बनाते हैं।
| समूह | स्थापना | विचारधारा/जुड़ाव | उल्लेखनीय कार्रवाई |
|---|---|---|---|
| अबू सैयाफ ग्रुप (ASG) | 1991 | सलाफी-जिहादी; अल-कायदा, JI, बाद में ISIS | अपहरण (जैसे 2001 दोस पालमास), बमबारी |
| मोरो इस्लामिक लिबरेशन फ्रंट (MILF) | 1977 | इस्लामी अलगाववाद | कैंप अबू बकर की रक्षा; मारावी समर्थन |
| बांगसामोरो इस्लामिक फ्रीडम फाइटर्स (BIFF) | 2008 | ISIS-गठबंधन; MILF से अलग | 2019 कोटाबाटो बमबारी; 2023 MSU हमला |
| माउटे ग्रुप (ISIS फिलीपींस) | 2013 | ISIS खिलाफत; ASG गठबंधन | 2017 मारावी घेराबंदी (1,200+ मौतें) |
मई 2017 में मारावी शहर की घेराबंदी इस जिहाद की सबसे बड़ी घटना थी। माउटे भाइयों उमर और अब्दुल्ला ने 500 से अधिक लड़ाकों के साथ शहर पर कब्जा कर लिया, जिनमें इंडोनेशियाई और लीबियाई लड़ाके भी शामिल थे। उन्होंने मस्जिदों और एक कैथोलिक स्कूल पर ISIS के झंडे फहराए।
फिलीपीनी सेना को शहर वापस लेने में पांच महीने लगे, जिसमें 1,200 से अधिक लोग मारे गए और 1 अरब डॉलर का नुकसान हुआ। ASG ने 2014 में ISIS के प्रति निष्ठा की शपथ ली, जिससे कई छोटे गुटों वाला दौला इस्लामिया (DI) समूह पैदा हुआ। फिर, 2023 में DI के एक आत्मघाती हमलावर ने मिंडानाओ स्टेट यूनिवर्सिटी में कैथोलिक मास के दौरान बमबारी की, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई।
मिंडानाओ के जंगल केवल स्थानीय संघर्ष तक सीमित नहीं हैं। बॉन्डी बीच के हमलावरों का वहां ट्रेनिंग लेना इस बात पर मुहर लगाता है कि यह क्षेत्र अभी भी आतंकवादियों को 'एक्सपोर्ट' कर रहा है। ऑस्ट्रेलियाई खुफिया विभाग ने बॉन्डी हमलावरों के दवाओ में रुकने को ASG/DI ठिकानों के प्रवेश द्वार के रूप में चिह्नित किया। अमेरिका और उसके सहयोगियों ने 2002 से काउंटर-टेररिजम में 50 करोड़ डॉलर से अधिक खर्च किए हैं।
Catch all the Business News, Market News, Breaking News Events and Latest News Updates on Live Mint. Download The Mint News App to get Daily Market Updates.