Success Story: लिविंग रूम, बेडरूम, बालकनी, ऑफिस की डेस्क या किसी भी जगह की सजावट के लिए फूलों को हमेशा से ही पसंद किया जाता है। लेकिन असली फूलों के साथ सबसे बड़ी समस्या उनके मुरझाने की होती है और प्लास्टिक के फूल पर्यावरण के लिए सही नहीं होते। बस इसी जरूरत को पूरा करने के लिए वंशिका मित्तल का आइडिया सुपरहिट साबित हुआ। वंशिका पंजाब के लुधियाना की रहन वाली हैं। बिजनेस करना उन्हें विरासत में मिला है।
वंशिका ने 18 साल की उम्र में बिजनेस में हाथ आजमाना शुरू कर दिया। साल 2024 में उन्होंने 'फ्लोरियल' की शुरुआत की थी। यह लुधियाना का गिफ्टिंग ब्रांड है। वंशिका ने क्रोशिया फूलों के गुलदस्ते और हाथ से बने गिफ्टिंग प्रोडक्ट बेचने का काम शुरू किया। इनकी बिक्री खासतौर से ब्लिंकिट और ब्रांड की अपनी वेबसाइट के जरिए होती है। दो साल में कंपनी का बिजनेस 5 करोड़ से ऊपर हो गया।
वंशिका ने बीटेक छोड़ BBA किया
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वंशिका ने साल 2023 में PCM (फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथमेटिक्स) से अपनी स्कूलिंग पूरी की। उसी साल उन्हें पटियाला की थापर यूनिवर्सिटी में कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग में बीटेक के लिए एडमिशन का ऑफर मिला। वह कोर्स में शामिल होना चाहती थीं। उन्हें लगता था कि उनके होमटाउन में ज्यादा अच्छे एकेडमिक इंस्टिट्यूशन नहीं थे। हालांकि, उनके माता-पिता चाहते थे कि वह लुधियाना में ही रहें। वहीं, अपनी पढ़ाई पूरी करें ताकि वह उनके साथ रह सकें। हालात को देखते हुए उन्होंने ऑफर मना कर दिया। इसके बजाय 2023 में लुधियाना के श्री अरबिंदो कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड मैनेजमेंट में बीबीए प्रोग्राम में एडमिशन ले लिया।
पहला प्रोडक्ट 800 रुपये में बिका
वंशिका ने बचपन से ही अपनी दादीको क्रोशिया करते हुए देखती थीं। ऐसे में उनके दिमाग में सवाल आया कि मेहनत से बिकने वाला यह प्रोडक्ट आखिर बिकता क्यों नहीं है। बस यहीं से एक नए आइडिया का सफर शुरू हो गया। वंशिका के एक दोस्त ने उसे एक गुलदस्ता बनाने के लिए कहा। ऐसे में वंशिका ने क्रोशिया से गुलदस्ता बनाने का फैसला किया। अपना पहला गुलदस्ता बनाने के लिए वंशिका ने अपनी पॉकेट मनी धागे और बेसिक पैकेजिंग मटीरियल पर लगाए। उस गुलदस्ते को लगभग 800 रुपये में बेचा।
फ्लोरियल नाम से शुरू किया स्टार्टअप
वंशिका ने साल 2024 में फ्लोरियल नाम से एक स्टार्टअप शुरू किया। कारोबार में उतरने पर उनकी पढ़ाई प्रभावित होने लगी। कॉलेज में ज्यादा 75 फीसदी उपस्थिति नहीं हो पा रही थी। ऐसे में उन्होने BBA छोड़ दिया और पूरा फोकस बिजनेस पर कर दिया। देखते ही देखते ही कंपनी का बिजनेस 5.28 करोड़ रुपये पहुंच गया। फर बिजनेस ऑटोमेटेड होने के बाद उन्होंने डिस्टेंस एजुकेशन मोड में बीबीए शुरू कर दिया।
वंशिका मित्तल का फ्लोरियल लुधियाना का गिफ्टिंग ब्रांड है। यह लंबे समय तक चलने वाले क्रोशिया फूलों के गुलदस्ते और हाथ से बने गिफ्टिंग प्रोडक्ट बेचता है। इन्हें ब्लिंकिट और अपनी वेबसाइट से बेचा जाता है। ब्रांड ने अपने पहले साल में 1.28 करोड़ कमाए। दूसरे साल में अब तक 4 करोड़ का रेवेन्यू हासिल कर लिया है। इस साल के आखिर तक 6–7 करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है।