Operation Sindoor Timing: भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए आतंकवाद की कमर ही नहीं तोड़ी, बल्कि ये भी बता दिया कि अगर कोई भी दुश्मन भारत की तरफ नजर भी रखेंगे तो उसका क्या अंजाम होगा। भारत ने ऑपरेशन सिंदूर भले ही पाकिस्तान के अंदर अंजाम दिया था, लेकिन इस दौरान इसका पूरा ध्यान रखा गया कि पाकिस्तान के आम नागरिकों को नुकसान न पहुंचे। हाल ही में प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान इस ऑपरेशन की टाइमिंग को लेकर बड़ा खुलासा किया है।
रात में क्यों की गई स्ट्राइक?
सीडीएस जनरल अनिल चौहान ने बताया कि अगर ये स्ट्राइक सुबह 5:30–6:00 बजे होती तो उस वक्त काफी पाकिस्तानी नागरिकों को नुकसान होता, क्योंकि ये उनकी नमाज का वक्त था। इसलिए हमने 1:00–1:30 बजे का समय चुना। इससे नागरिकों को नुकसान पहुंचने की काफी कम संभावना थी।
ऑपरेशन सिंदूर था सबसे अलग
इसके अलावा प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान ने ये भी बताया कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने एक नए प्रकार के युद्ध की शुरुआत की है, जिससे ये सुनिश्चित हुआ कि हमले के दौरान हर बार भारत ने पाकिस्तान को निर्णायक रूप से हराया। उन्होंने कहा कि पारंपरिक युद्ध के विपरीत यह युद्ध भूमि, वायु, समुद्र और साइबर क्षेत्र में लड़ा गया। शीर्ष सैन्य अधिकारी ने ये भी कहा कि ऑपरेशन के दौरान पहला हमला सीमा पार नागरिक हताहतों से बचने के लिए रात एक बजे किया गया।
क्या था ऑपरेशन सिंदूर?
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर चलाया था, जिससे आतंकियों को जड़े हिल गई थीं। सेना ने आतंकी हमले का जवाब देने के लिए 6-7 मई की रात 1 बजे ऑपरेशन को अंजाम दिया, ताकि आम नागरिकों को नुकसान न पहुंचे और आतंकियों को सटीक निशाना बनाया जा सके। इस ऑपरेशन में सेना ने पाकिस्तान में स्थित 9 आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया और 100 से अधिक आतंकियों को मार गिराया।